हरियाणा के रोहतक में सांपला की फैक्टरी में काम करने वाले झज्जर जिले के खरहर के युवक अंशु उर्फ आशु ने अपने तीन नाबालिग साथियों के साथ मिलकर एक रात में तीन जगह चौथ मांगी थी। इसके लिए नीरज बवाना गैंग का नाम प्रयोग किया। चारों रातोंरात करोड़पति बनना चाहते थे, लेकिन समय रहते नाबालिग साथी आशु पुलिस के हाथ आ गया। अब सांपला पुलिस ने उसके दो नाबालिग साथियों को भी काबू कर लिया है। शनिवार को उन्हें बाल न्याय बोर्ड के सामने पेश किया, जहां से बाल सुधार गृह भेज दिया।
सांपला थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेंद्र सिंह ने बताया कि खरहर का 19 वर्षीय युवक आशु सांपला की एक फैक्टरी में काम करता था। उसके परिवार की खरखौदा में रिश्तेदारी है। उसने वहां पर तीन नाबालिग युवकों को साथ लिया। चारों ने मिलकर करोड़ पति बनने का प्लान बनाया। इसके लिए सबसे पहले बहादुरगढ़ सदर एरिया में एक मोबाइल छीना।
उसका सिम निकालकर दूसरे छीने मोबाइल फोन में डाला। इसके बाद नीरज बवाना गैंग के नाम पर चौथ मांगने का निर्णय लिया। आशु के पास सांपला की कंपनी के मालिक, सिक्योरिटी सुपरवाइजर के अलावा अन्य मोबाइल नंबर भी थे। 14 फरवरी की शाम को उन्हाेंने गुरुग्राम, सांपला व खरखौदा में फोन करके चौथ मांगी।
फैक्टरी मालिक से तो 15 करोड़ मांगे गए। तीनों थानों में केस दर्ज हो गए। समय रहते बहादुरगढ़ की सीआईए पुलिस ने आशु को अवैध हथियार सहित दबोचा। बाद में उसका एक नाबालिग साथी भी हाथ आ गया। इसके बाद अब सांपला पुलिस ने उसके दो नाबालिग साथियों को काबू किया।