पीजीआईएमएस के स्पेशल वार्ड में पानीपत से उपचार के लिए आई एक महिला की जांच रिपोर्ट सोमवार को कोविड-19 पॉजिटिव आई है। इसके बाद संस्थान के अलावा स्वास्थ्य विभाग व जिला प्रशासन के पसीने छूट गए। सभी ने महिला की पूरी हिस्ट्री जुटाई और पता चला कि महिला पानीपत से सीधा पीजीआईएमएस आई थी।
एहतियात के तौर पर स्वाथ्य विभाग ने महिला के भाई समेत दोनों बच्चों को जिला अस्पताल में आइसोलेट कर दिया है। महिला पानीपत में राइस मिल में काम करती है। सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला ने बताया कि जो महिला कोविड पॉजिटिव मिली है, वह पानीपत में ही रहती है और काम करती है। रोहतक में उसका मायका है। महिला के भाई और दो बच्चों के जांच सैंपल लेकर जिला अस्पताल में आइसोलेट कर दिया है।
संस्थान में महिला मरीज के कोरोना वायरस पॉजिटिव मिलने के साथ ही पीजीआईएमएस प्रशासन अलर्ट हो गया है। सभी डॉक्टर व स्टाफ अब जरूरी गाइडलाइन को फॉलो कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि महिला किसी मिल में काम करती है, मिल का मालिक पिछले दिनों कोरोना पॉजिटिव मिला था।
फिलहाल विदेश से आए व्यक्ति के परिवार के अन्य सदस्यों की जांच रिपोर्ट नेगेटिव आई थी और दो बुजुर्गों की रिपोर्ट का अभी इंतजार है। फिलहाल असमंजस बना है कि महिला राइस मिल में काम करती थी या घर की नौकरानी थी। हालांकि महिला ने स्वयं को राइस मिल की लेबर बताया है। पूछताछ में सामने आया कि पीड़िता के भाई को जब बहन के बीमार होने की सूचना मिली तो वह पानीपत लेने चला गया और सीधा पीजीआईएमएस ले आया।
उठ रहे सवाल
- पानीपत स्वास्थ्य विभाग ने महिला का सैंपल क्यों नहीं लिया।
- महिला घर में काम करती है तो भी सैंपल लिया जाना जरूरी था।
- यदि महिला राइस मिल में काम करती है तो अन्य मजदूरों का सैंपल क्यों नहीं लिया गया।
- विदेश से आए व्यक्ति ने स्वयं को आइसोलेट क्यों नहीं किया।