रेवाड़ी। लघु सचिवालय से चंद मीटर की दूरी पर बीते सोमवार की देर शाम कार सवार युवकों पर आठ राउंड फायरिंग की वारदात में अभी तक रेवाड़ी पुलिस खाली हाथ है। वारदात में कार सवार एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे गंभीर अवस्था में गुरुग्राम के एक अस्पताल में इलाज के लिए भिजवाया गया है।
शहर के गढ़ी बोलनी रोड पर एंप्लाइज कॉलोनी के दीपक उर्फ भूरिया पर यह जानलेवा हमला उस वक्त हुआ था, जब शाम चार बजे अपने तीन-चार साथियों समेत कार में बैठा था। एसपी राजेश कुमार की ओर से नशा और अवैध हथियारों के नेटवर्क को तोड़ने के लिए पुलिस के सक्रियता के साथ काम करने की बात कहे जाने के कुछ दिन बाद ही यह वारदात घटित होना जिले में कानून व्यवस्था पर सवालिया निशान लगा रहा है।
अहम बात यह है कि हमलावरों ने वारदात को अंजाम देने के लिए एक कार और एक बाइक का इस्तेमाल किया और वारदात के बाद बाइक को मौके पर छोड़कर गए थे। हमलावरों की संख्या करीब आठ-दस बताई जा रही थी, जिनमें से अधिकतर ने अचानक दीपक उर्फ भूरिया पर हमला बोल दिया। हमले में दीपक को पीठ, कंधे और पेट में करीब तीन गोलियां लगीं हैं। खास बात यह है कि दीपक पर यह हमला हुआ, लेकिन उसके साथियों में से किसी को कुछ नहीं हुआ और हमलावरों ने दीपक को ही इस वारदात में मुख्य निशाना बनाया। चूंकि दीपक पर भी कई मुकदमे दर्ज होने की बात सामने आ रही है तो ऐसे में उसके किसी पुराने दुश्मन की ओर से यह कातिलाना हमला करवाने की संभावना से नकारा नहीं जा सकता।
इस वारदात को शहर में गैंगवार से जोड़कर देखा जा रहा है। 23 दिसंबर को भी दीपक पर हमला हुआ था। उसकी मां सीमा ने खुद मौके पर पहुंचे डीएसपी मोहम्मद जमाल के सामने इस बात का खुलासा किया और एसएचओ मॉडल टाउन की कार्यशैली पर सवाल उठाए, जिन्होंने दीपक के पक्ष पर समझौता करने का दबाव बनाने का आरोप लगाया गया था। मामले में मॉडल टाउन पुलिस थाने में 3 नामजद सुमित राठी, हंसू उर्फ हंसराज गुर्जर, उमेश उर्फ डीयू गुर्जर और 6 अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
मामले में जांच टीमें गठित कर दी गईं हैं। साथ ही हमलावरों पर एफआईआर भी दर्ज कर ली गईं हैं। पुलिस जल्द ही हमलावरों को काबू कर लेगी।
- मोहम्मद जमाल, डीएसपी रेवाड़ी।
किशोर बच्चों से परिजन दोस्ताना व्यवहार करें : डीएसपी
बावल। डीएसपी बावल राजेश कुमार ने ग्रामीण अभिभावकों से यह आग्रह किया है कि वे अपने बच्चों के युवावस्था में पहुंचने के साथ ही इनसे दोस्ताना व्यवहार करें। ऐसा करने से अपराध शत-प्रतिशत रुक जाएगा।
अपने कार्यालय में पत्रकारों से बात करते हुए डीएसपी राजेश कुमार ने कहा कि जागरूक लोग समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाएं। सभी लोग अपने गांव और गली-मोहल्ले में पुलिस की तरह बनें और अपराध रोकने में मददगार की भूमिका अदा करें। उन्होंने कहा कि गांवों में कमेटियां बनाई जा रही हैं, जो ग्रामीण गतिविधियों की जानकारी रखेंगी। पुलिस और जनता के बीच दोस्ताना समन्वय बनाया जा रहा है। ताकि पुलिस को लोग अपना दोस्त समझें। उन्होंने कहा कि कई बार बच्चे मां-बाप की लापरवाही की वजह से अपराधी बन जाते हैं। डीएसपी राजेश कुमार ने कहा कि कुछ औद्योगिक जगहों पर कंपनियों से सीसीटीवी कैमरे लगवाने के लिए बातचीत चल रही है। ऐसा होने से कंपनी कर्मी सुरक्षित रहेंगे और औद्योगिक क्षेत्र पर पुलिस की 24 घंटे नजर रहेगी।