समालखा। ट्रैक धंसने की आशंका से नहरी विभाग के ड्रेन नंबर- 6 को मिट्टी डालकर रोकने के मामले में बुधवार को नहरी विभाग, रेलवे तथा जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बुधवार को मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। इसके बाद फैसला लिया गया कि रेलवे ट्रैक के नीचे पाइप लाइन बिछाई जाएगी। वीरवार से इसका काम शुरू हो जाएगा। इन पाइपों से गंदा पानी दूसरी तरफ जा सकेगा। इसके साथ ही ड्रेन को साफ करने का कार्य भी नहरी विभाग करेगा , ताकि उसका फ्लो बना रहे। वहीं ड्रेन बंद होने के कारण पानी लगातार ओवरफ्लो होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
उल्लेखनीय है कि रेलवे ने ट्रक के धंसने का खतरा देखते हुए नेस्ले के सामने से क्रॉसिंग कर रही ड्रेन-6 को मिट्टी डालकर रोक दिया था। इससे ड्रेन ओवरफ्लो होने के कारण गंदा पानी साथ लगते खेतों में घुसने की आशंका बन गई है। वहीं नहरी विभाग ने इस पानी को जनस्वास्थ्य विभाग का बताया है। इससे किसानों को फसल खराब होने का भय सताने लगा है। नाराज किसानों ने चेतावनी दी थी कि अगर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे एसटीपी का पानी ड्रेन में जाने से रोककर इसकी निकासी शहर की ओर कर देंगे।
मामले को लेकर बृहस्पतिवार को नहरी विभाग, रेलवे व जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक पानीपत रेलवे कार्यालय में हुई। इसमें जनस्वास्थ्य विभाग से कार्यकारी अभियंता संजय शर्मा, एसडीओ सूबे सिंह, रेलवे से अधिकारी सीमा व एसएसई ओपी नागपाल, नहरी विभाग से कार्यकारी अभियंता अश्विनी फोगाट, एसडीओ अंकित दहिया मौजूद रहे। इसके बाद संबंधित अधिकारियों ने मौका निरीक्षण किया।
इसके बाद निर्णय लिया गया कि अस्थायी तौर पर बड़े पाइप डालकर गंदे पानी को रेलवे ट्रैक के नीचे पुलिया से दूसरी तरफ निकाला जाएगा। इससे ट्रैक के धंसने का भय समाप्त हो जाएगा। ये काम जनस्वास्थ्य विभाग करेगा। इस बारे में एसडीओ जनस्वास्थ्य विभाग ने बताया कि तीनों विभाग के अधिकारियों ने मौका निरीक्षण किया था। अभी अस्थाई तौर पर बड़े सीवरेज पाइप बिछाकर पानी दूसरी तरफ क्रॉस कराया जाएगा ताकि किसानों व रेलवे की समस्या दूर हो सके। इसके उपरांत स्थाई समाधान किया जाएगा।