समालखा। एंटी करप्शन ब्यूरो ने समालखा के पटवारी को रजिस्ट्री के इंतकाल की एवज में 10 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पटवारी पर केस दर्ज कर लिया गया है। पटवारी पिछले 15 दिन से इंतकाल के लिए पैसे मांग रहा था। उसको एंटी करप्शन ब्यूरो ने मंगलवार दोपहर को उसके कार्यालय से ही पकड़ लिया।
एंटी करप्शन ब्यूरो के प्रभारी हेमराज ने बताया कि उन्हें समालखा क्षेत्र के एक व्यक्ति ने पटवारी विनोद की मंगलवार सुबह शिकायत दी थी। शिकायत थी कि पट्टीकल्याणा गांव क्षेत्र का पटवारी विनोद इंतकाल दर्ज कराने के नाम पर उससे 10 हजार रुपये की मांग कर रहा है। पैसों की मांग पिछले 15 दिन से की जा रही है। पैसे न देने पर उसका इंतकाल दर्ज नहीं किया जा रहा । शिकायत मिलते ही उन्होंने 500 रुपये के 20 नोट पर पाऊडर लगाकर शिकायतकर्ता को दिए। शिकायतकर्ता ने पटवारी विनोद को पैसे देने के लिए कॉल की। विनोद ने उसे समालखा तहसील में बुलाया। इस दौरान उनकी टीम तहसील के बाहर खड़ी रही। जैसे ही पटवारी विनोद ने 10 हजार रुपये पकड़े एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने उसे पकड़ लिया। उसके पानी में हाथ धुलवाए गए तो पानी का रंग गुलाबी हो गया। उसके पास से 10 हजार रुपये बरामद भी किए गए हैं। इस पूरी घटना की वीडियोग्राफी भी की गई है। ब्यूरो की पूछताछ में पटवारी ने रिश्वत लेने के बारे में स्वीकारा है। उसे अब बुधवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।