रोहतक सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने रात को परिजनों से फोन पर बात की और उनको बधाई दी।
पिता बोले एक थ्रो में रजत पदक, इंजरी के चलते चूका
पिता बोले एक थ्रो में रजत पदक, इंजरी के चलते चूका पानीपत। पिता सतीश कुमार ने बताया कि पेरिस ओलंपिक में नीरज पर सबकी नजर थी। क्वालिफाइंग मैच में अच्छे प्रदर्शन से स्वर्ण पदक की उम्मीद थी, लेकिन नीरज एक की थ्रो ठीक से कर पाया। नीरज ने उनको बताया था कि उनको इंजरी है। जिसके चलते स्वर्ण पदक से चूक गया। देश को रजत पदक मिला है। यह सबके लिए खुशी की बात है। वे नीरज का गांव में आने पर भव्य स्वागत करेंगे। ओलंपिक के बाद नीरज अपना इलाज भी कराएंगे।
मां बोली हम स्वर्ण और रजत में अंतर नहीं मानते
मां सरोज देवी ने बताया कि नीरज ने रजत पदक जीता है। यह खुशी उनके लिए खुशी की बात है। वह हर बार स्वर्ण पदक लाता था। इस बार रजत आया है। वे स्वर्ण और रजत में कोई फर्क नहीं मानते। उनके लिए यह भी पदक है। नीरज का मैच पूरा समय अच्छी तरह से देखा है। उसका जोरदार स्वागत करेंगे और उसकी पसंद का चूरमा खिलाया जाएगा। नीरज जब बोलेगा तब शादी करेंगे।
नीरज ने रखा सबका मान : भीम
चाचा भीम चोपड़ा ने बताया कि पेरिस ओलंपिक को लेकर नीरज की तैयारी अच्छी थी। उन्होंने 89.45 मीटर का अच्छा थ्रो किया है। जबकि क्वालिफाइंग राउंड में उनका थ्रो 89.34 मीटर रहा है। नीरज के इस थ्रो से देश को रजत पदक मिला है। इस बार स्वर्ण पदक नहीं आ पाया। यह देशवासियों के लिए खुशी की बात है। प्रत्येक खिलाड़ी जीत की उम्मीद के साथ उतरता है। पाकिस्तान के खिलाड़ी अरशद नदीम ने अच्छा थ्रो किया है।