पानीपत। अब भवन निर्माण के लिए आवेदन किए जाने वाले नक्शे की प्रक्रिया को निगम ने जटिल बना दिया है। आवेदन करने से पहले आवेदनकर्ता को नगर निगम के नागरिक सुविधा केंद्र (सीएफसी) में 18 दस्तावेज मैनुअल जमा करवाने होंगे। इसके बाद निगम से एनओसी लेनी होगी। इसके बाद नक्शे का नक्शानवीस से ऑनलाइन आवेदन करवाना होगा। खास बात ये है कि इन दस्तावेजों को नक्शानवीस को भी सत्यापित करना होगा।
इसके लिए निगम ने नक्शानवीसों को भी नोटिस जारी किए हैं। इसमें सख्त हिदायत दी गई है कि सभी दस्तावेज सत्यापित करने और एनओसी के बाद नक्शे के लिए आवेदन करें वरना उन पर भी निगम एक्ट अनुसार कार्रवाई की जा सकती है। इसमें उनका लाइसेंस तक रद्द किया जा सकता है।
हैरानी की बात है कि सरकार के निर्देशानुसार सभी सरकारी कार्यालयों में पेपरलेस प्रक्रिया अपनाने की हिदायतें जारी की जा चुकी हैं। सभी प्रकार के कार्यों के लिए ऑनलाइन करने के आदेश दिए गए हैं वहीं इसके विपरीत निगम के नक्शे के लिए अधिकारी ऑफलाइन प्रक्रिया पर जोर दे रहे हैं। इसे पूरी करने के बाद ऑनलाइन प्रक्रिया अमल में लाई जा सकेगी। बताया जा रहा है कि इस प्रक्रिया के चलते अभी भी निगम पोर्टल पर सैकड़ों नक्शे मंजूरी के इंतजार में लटके पड़े हैं। दूसरी ओर निगम अधिकारियों का मानना है कि इससे काम में पारदर्शिता आएगी और आवेदनकर्ताओं को काम पूरा होने के बाद कंप्लीशन सर्टिफिकेट भी मिलेगा।
पहले सरल होती थी प्रक्रिया, अब ऐसे हुई जटिल
पहले किसी भी भवन निर्माण के नक्शे का आवेदन करने के लिए इसका नक्शानवीस से ऑनलाइन आवेदन किया जाता था। इसके बाद निगम के भवन निरीक्षक मौके पर भी निरीक्षण करते थे और दस्तावेजों की जांच भी करते थे। इसके बाद नक्शे को मंजूर कर लिया जाता था।
अब पहले 18 दस्तावेजों की एक पूरी फाइल बनाकर निगम के नागरिक सुविधा केंद्र में जमा करवानी पड़ेगी। इसके बाद इस फाइल को निगम अधिकारी जांचेंगे। इसके एवज में एनओसी जारी की जाएगी। इसके बाद आवेदक नक्शानवीसों से सभी कागजातों को सत्यापित करवाने के बाद ऑनलाइन आवेदन करवा सकेंगे। इसके बाद अधिकारी फिर से इनकी जांच कर नक्शे को पास या रिजेक्ट करेंगे।
पहले नक्शानवीस अपनी मुहर लगाकर आवेदनकर्ताओं को नक्शा दे देते थे जबकि उनको निगम से कंपलीशन सर्टिफिकेट लेना जरूरी होता है। ऐसे कई केस सामने आ चुके हैं, जिनकी फाइल कभी टैक्स तो कभी एनओसी के बिना अपलोड की गई और लोगों ने नक्शानवीस की मोहर को नक्शा मानकर भवन निर्माण का काम चालू कर दिया। निगम की इस कार्यप्रणाली से काम में पारदर्शिता आएगी। फाइल खुद जमा करवाई जाएगी तो दलालों से छुटकारा मिलेगा। एनओसी के बाद ही नक्शे के लिए आवेदन किया जा सकेगा। आवेदनकर्ता को कंप्लीशन सर्टिफिकेट भी मिल पाएगा। - दीपक राणा, एरिया टाउन प्लानर, नगर निगम