पानीपत। मंच से संबोधित करते हुए गुरनाम सिंह चढूनी ।
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अनाजमंडी में आयोजित किसान महापंचायत में किसान नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने कहा कि जब घी सीधी उंगली से न निकले तो उसे टेढ़ी करनी पड़ती है। उंगली टेढ़ी करने का मतलब दिल्ली को फिर से घेरना पड़ेगा और किसान अपनी उंगली टेढ़ी करना जानते हैं। अगर जल्द ही उनके मांगे पूरी नहीं हुई तो यहां प्रदर्शन समाप्त कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कोठी के बाहर टेंट लगा देंगे।
उन्होंने कहा कि आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक केंद्र सरकार द्वारा तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लिया जाता। तब तक कोई भी किसान गिरफ्तार नहीं होगा। हम किसी भी किसान को गिरफ्तार नहीं होने देंगे। हमने खुला ऐलान कर दिया है कोई भी किसान पुलिस व कोर्ट के बुलाने पर नहीं जाएगा। अगर पुलिस आपको आपके गांव में गिरफ्तार करने आती है तो आप पंचायत कर पुलिस को गिरफ्तार कर लीजिए। उन्होंने कहा कि सरकार ने किसानों को परेशान करने के लिए पुलिस और कोर्ट के माध्यम से समन भेजने शुरू कर दिए हैं। अब इन समन का फैसला भी तीनों कानूनों के साथ ही होगा। चढू़नी ने कहा कि जब आंदोलन का फैसला होगा तभी मुकदमों का फैसला होगा।
- हठधर्मिता पर अड़ी सरकार, आक्रोश में भारत बंद कर रहे किसान
चढ़ूनी ने कहा कि सरकार हठधर्मिता पर अड़ी हुई है, इसलिए अब बातचीत का बुलावा नहीं आया। इसी आक्रोश में किसान भारत बंद कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सोमवार को सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक भारत बंद रहेगा। उन्होंने सभी वर्गों के लोगों से बंद में सहयोग करने की अपील की है। बताया कि इस दौरान सभी राष्ट्रीय राजमार्ग बंद रहेंगे। भारत बंद के दौरान इमरजेंसी सेवाओं को छूट रहेगी।