पानीपत में हादसे में क्षतिग्रस्त कार।
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पानीपत के गांव बुडशाम के पास दिल्ली पैरलल नहर में बुधवार की रात कार गिर गई। जिसमें तीन युवकों की मौत हो गई। तीनों पानीपत रिफाइनरी में सेफ्टी सुपरवाइजर थे। कार चलाक ने खिड़की तोड़कर अपनी जान बचाई और ग्रामीणों को इकट्ठा किया। ग्रमीणों ने पुलिस को सूचना दी और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद कार को बाहर निकाला गया। तब तक कार में फंसे तीन सेफ्टी सुपरवाइरजों की मौत हो चुकी थी। परिजनों के बयान के आधार पर पुलिस केस दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
जींद के गांव सिंघाना निवासी विनित (24) पुत्र सतीश, चंडीगढ़ के गांव मनी माजरा निवासी दुशाल सैनी (20) पुत्र राजेश सैनी और हिसार के गांव दानाखुर्द निवासी पवन कुमार (24) पुत्र सुनील की मौत हो गई। तीनों और अमित निवासी समालखा दोस्त थे। चारों पानीपत रिफाइनरी में सेवाएं दे रहीं आउटसोर्सिंग कंपनी में कार्यरत थे। अमित की कार में सवार होकर चारों बुधवार की सुबह अपने मित्र के विवाह समारोह में भाग लेने दिल्ली गए और रात को लौट रहे थे। वहां से लौटते वक्त रात करीब पौने नौ बजे गांव बुडशाम के पास कार अनियंत्रित होकर दिल्ली पैरलल नहर में गिर गई।
कार अमित चला रहा था। अमित ने पुलिस को बताया कि उसने कार का शीशा तोड़ा और तैरकर बाहर आ गया। शोर मचाकर लोगों को मदद के लिए बुलाया। लोगों ने समालखा थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने घायल अमित को निजी अस्पताल भेजा और ग्रामीणों की मदद से एक घंटे की मशक्कत के बाद क्रेन के जरिए नहर से कार निकाली गई। कार में फंसे विनीत, दुशाल और पवन को बाहर निकालकर गांव सिवाह स्थित पार्क अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिए हैं, पहलुओं पर जांच जारी - एसएचओ
तीनों युवकों के शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। घायल अमित के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। फिलहाल धारा 174 के तहत कार्रवाई की गई है। मामले में विभिन्न पहलुओं से जांच की जा रही है। - नरेंद्र सिंह, एसएचओ, समालखा थाना पुलिस