देशराज कॉलोनी में स्वास्थ्य विभाग ने गर्भपात के बड़े मामले का भंडाफोड़ किया है। गर्भपात कराने के मामले में जेल गई वृद्धा और उसकी सहयोगी ने जमानत पर बाहर आते ही एक और महिला को अपने साथ मिलाया व फिर से गर्भपात करना शुरू कर दिया। मंगलवार को पीएनडीटी टीम ने एक डिकॉय (प्रलोभन) ग्राहक बनाकर वृद्धा के पास गर्भपात के लिए भेजा था। इसी दौरान टीम ने छापा मारकर वृद्धा स्वर्ण कौर, सीमा और सोनू को पकड़ लिया। पुलिस ने तीनों पर केस दर्ज किया और कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।
डीसी सुशील कुमार सारवान और सिविल सर्जन डॉ. जितेंद्र कादियान ने शिकायत मिलने पर पीएनडीटी इंचार्ज डॉ. अमित कुमार को मामले में कार्रवाई के निर्देश दिए। मंगलवार को टीम ने कार्रवाई के लिए एक डिकॉय ग्राहक तैयार किया। डिकॉय ग्राहक ने सीमा से मुलाकात की। सीमा ने स्वर्ण कौर से बातकर गर्भपात के लिए चार हजार रुपये मांगे। टीम ने ग्राहक को साइन कर 500- 500 रुपये के आठ नोट दिए। ग्राहक दोपहर दो बजे स्वर्ण कौर के पास गर्भपात कराने के लिए पहुंच गई। स्वर्ण कौर, सीमा और सोनू ग्राहक को अपने मकान में अंदर ले गईं और कमरे का ताला लगा लिया। स्वर्ण कौर ने गर्भपात की प्रक्रिया शुरू की। इसी दौरान टीम ने छापा मारकर तीनों को मौके पर ही पकड़ लिया और पुलिस को सौंप दिया। उसके पास से इंजेक्शन, सिरिंज, पट्टी और डाइलेटर बरामद किए गए। टीम में डॉ. अमित कुमार, एसडीओ प्रदीप कुमार, डीसीओ विजय राजे व डॉ. रीमा शामिल रही।
तीन महीने पहले भी छापा मारकर पकड़ा था
देशराज कालोनी निवासी 68 साल की स्वर्ण कौर काफी समय पहले निजी अस्पताल में नर्स के रूप में काम करती थीं। वहां से रिटायर होने के बाद वह घर पर ही गर्भपात जैसे जघन्य अपराध करने लगीं। तीन माह पहले भी पीएनडीटी की टीम ने छापा मारकर उसको और उसकी सहयोगी सीमा को गर्भपात करते हुए पकड़ा था। यह मामला अभी कोर्ट में विचाराधीन है। जमानत पर आने के बाद स्वर्ण कौर और सीमा ने फिर गर्भपात करना शुरू कर दिया। दोनों ने अपने साथ सोनू नाम की महिला को भी मिला लिया था। सीमा और सोनू ग्राहकों को स्वर्ण कौर के पास लेकर आती थीं। स्वर्ण कौर गर्भपात करती थीं।
पहले बोली- छोड़ा नहीं तो दोबारा यही काम करूंगी, अब बोली- छोड़ दो, दोबारा ये काम नहीं करेंगी
सितंबर 2020 में स्वर्ण कौर व उसकी सहयोगी सीमा पकड़ी गई थी। उस वक्त स्वर्ण कौर ने पीएनडीटी टीम को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर उन्हें नहीं छोड़ा गया तो वे जेल से बाहर आने के बाद दोबारा ये ही काम करेंगी। स्वर्ण कौर इस बार कहती रहीं कि उन्हें छोड़ दो, दोबारा ये काम नहीं करेंगी।
ऐसे अपराधों के खिलाफ कार्रवाई तेज की जाएगी : डॉ. अमित
गर्भपात व लिंग जांच जैसे जघन्य अपराध करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई तेज की जाएगी। अगर किसी को ऐसे कामों की सूचना है तो स्वास्थ्य विभाग को इसकी जानकारी दें।
-डॉ. अमित कुमार, इंचार्ज पीएनडीटी टीम