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प्रशासन ने टीडीआई को नई सेवाएं देने से किया इंकार

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पानीपत। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने टीडीआई बिल्डर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। बोर्ड ने टीडीआई पर फ्लैट एवं मकान का निर्माण करने पर रोक लगा दी है। तहसीलदार, योजनाकार विभाग और बिजली निगम को सुविधाएं नहीं देने के लिए पत्र लिखा गया है। बिजली कनेक्शन नहीं मिलेंगे। नक्शे पास होंगे न रजिस्ट्री हो सकेगी। टीडीआई के पास कंसेंट टू ऑपरेट सर्टिफिकेट, सीईटीपी और प्रदूूषण नियंत्रण बोर्ड से अनुमति नहीं है। टीडीआई की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने भी उसपर धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है।
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बृहस्पतिवार को लोगों ने टीडीआई के खिलाफ रोष प्रदर्शन भी किया। आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों का कहना है कि न तो बिजली कनेक्शन मिल रहे हैं और न ही बैंकों से लोन हो रहा है। टीडीआई ने उनके साथ धोखा किया है। अब आरडब्ल्यूए के टीडीआई के खिलाफ आंदोलन करेगी। टीडीआई आरडब्ल्यूए के प्रधान शैलेंद्र ने बताया कि लोगों ने टीडीआई में अपनी मेहनत की कमाई से लाखों की कीमत के मकान खरीदे। बावजूद इसके कोई सुविधा नहीं है। टीडीआई ने धोखा किया है। टीडीआई के एमडी ने जल्द समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया था लेकिन किया कुछ नहीं।
बाक्स
- 30 मई को आरडब्ल्यूए टीडीआई के खिलाफ देगी सांकेतिक धरना
टीडीआई आरडब्ल्यूए का कहना है कि टीडीआई में तीन हजार परिवार रहते हैं, जो अब आंदोलन के लिए मजबूर हैं। अब 30 मई को टीडीआई के खिलाफ सांकेतिक धरना दिया जाएगा। अगर तब भी मांगे नहीं मानी गईं तो इसे अनिश्चितकालीन धरने में तब्दील कर दिया जाएगा। बृहस्पतिवार को टीडीआई के खिलाफ प्रदर्शन में अमित गर्ग, रोशनलाल, यश गर्ग, सूबेदार मुल्तान बलराज, ललित शर्मा, दलजीत, सागर पाहवा, साहब सिंह, विजय टंडन, सुमित बंसल, संजू राणा और रविंद्र रिढाल मौजूद रहे।
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- इसलिए लगाई गई है रोक
एडवोकेट जोगेंद्र राठी ने सीएम विंडो पर शिकायत दी थी। उनका आरोप था कि टीडीआई बिना अनुमति के चल रही है। इनके पास जरूरी कागजात भी नहीं है। इस शिकायत पर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जांच की। जांच में पाया गया कि कंपनी का सीटीओ 2018 में एक्सपायर हो चुका है। कंपनी ने इसे रिन्यू नहीं कराया है। यहां पर सेंट्रल एफुलेंट ट्रीटमेंट प्लांट (सीईटीपी) भी नहीं है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की से इन्हें एनओसी भी नहीं मिली है।
वर्जन :
बिजली निगम को टीडीआई में नया कनेक्शन न देने, योजनाकार विभाग को नए मकानों का नक्शा न पास करने और तहसीलदार को नए मकानों की रजिस्ट्री न करने के निर्देश जारी किया हैं। बोर्ड की ओर से कुरुक्षेत्र स्थित पर्यावरण कोर्ट में टीडीआई के खिलाफ केस दायर किया गया है। इसकी सुनवाई हो चुकी है, जल्द ही फैसला आने की उम्मीद है।
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- कमलजीत सिंह, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
वर्जन :
सोमवार को आरडब्ल्यूए के साथ बैठक बुलाई गई। एमडी के साथ बैठक होगी। सीईटीपी के लिए काम शुरू कर दिया है, जल्द ही सभी समस्याओं का समाधान होगा।
- संजीव मल्होत्रा, मैनेजर, टीडीआई
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