चंडीगढ़। सहमति संबंध में रहने की दलील देते हुए एक विधवा व उसके प्रेमी की सुरक्षा की मांग वाली याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने महिला के पहले विवाह से पैदा हुए बच्चों के नाम एक-एक लाख रुपये की एफडी को लेकर प्रेमी को जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने कहा कि इस प्यार के लिए सुरक्षा देने से पहले बच्चों का भविष्य सुरक्षित करना जरूरी है।
याचिका दाखिल करते हुए संगरूर निवासी महिला ने हाईकोर्ट को बताया था कि उसके पति की 2022 में मौत हो चुकी है और विवाह से उसके दो बच्चे हैं। पति की मौत के बाद वह अपने प्रेमी के साथ रह रही है। याची का प्रेमी अविवाहित है और याची को उसके परिजनों व ससुराल वालों से खतरा है। याचिकाकर्ताओं का यह रिश्ता उनके परिजनों व रिश्तेदारों को मंजूर नहीं है और उनकी मर्जी के खिलाफ है। ऐसे में उन्हें सहमति संबंध में रहने के लिए सुरक्षा मुहैया कराई जाए। हाईकोर्ट ने कहा कि याची के पहले विवाह से दो बच्चे हैं। पति की मौत के बाद उसने नए जीवनसाथी को चुना है। इस मामले में आगे सुनवाई से पहले याची के बच्चों का भविष्य सुरक्षित करना जरूरी है। हाईकोर्ट ने याची के प्रेमी को परखने के लिए और याची के बच्चों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए दोनों बच्चों के नाम एक-एक लाख रुपये की एफडी कराने को लेकर जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने कहा कि इस मामले में जवाब आने के बाद ही आगे सुनवाई की जाएगी।