चंडीगढ़। हरियाणा में होमगार्ड महकमे के कार्यालय अब निजी कोठियों में नहीं चलेंगे। सरकार ने इन्हें खाली पुलिस लाइन और एसपी कार्यालयों में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में गृह विभाग ने आदेश जारी कर दिए हैं। डीजीपी ने पुलिस लाइन और एसपी कार्यालयों में होमगार्ड के दफ्तरों के लिए जगह चिह्नित करवानी शुरू कर दी है।
अप्रैल-मई में सभी 22 जिलों में होमगार्ड महकमे के कार्यालय सरकारी भवनों में पहुंच जाएंगे। गृह रक्षी एवं नागरिक सुरक्षा विभाग के डीजी देश राज सिंह ने गृह मंत्री अनिल विज और गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा को इस बारे में पत्र लिखा था। उन्होंने दलील दी थी कि सभी जिलों में पुलिस लाइन में काफी जगह खाली है। पुलिस बैरक टूट रही हैं। एसपी कार्यालयों में भी पर्याप्त जगह खाली है। इसलिए होमगार्ड विभाग के कार्यालयों के लिए सरकारी भवनों में जगह उपलब्ध कराई जाए।
गृह विभाग ने देश राज सिंह के प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए कार्यालय स्थानांतरित करने की मंजूरी दे दी है। साथ ही डीजीपी हरियाणा पीके अग्रवाल को पत्र भी लिखा है। अब डीजपी जगह मुहैया कराने का काम करेंगे। निजी कोठियों में कार्यालय चलने से व्यवस्था नहीं बन पा रही थी। वर्षों पहले बनाए गए कार्यालयों में अब जगह कम पड़ती थी। राइफल ट्रेनिंग का काम भी प्रभावित हो रहा था। डीजी देश राज सिंह ने कहा कि सरकार के उच्च अधिकारियों से बातचीत हो चुकी है। जल्दी सरकारी भवनों में कार्यालयों के लिए जगह मिल जाएगी।
प्रशिक्षण केंद्र के लिए 35 करोड़ रुपये जारी
होमगार्ड प्रशिक्षण केंद्र के लिए सरकार ने 35 करोड़ रुपये का बजट जारी कर दिया है। हालांकि गृह रक्षी एवं नागरिक सुरक्षा विभाग ने 100 करोड़ रुपये मांगे थे। कैथल में भूना रोड पर 70 एकड़ पंचायती जमीन विभाग को केंद्र बनाने के लिए मिलेगी। मुख्य सचिव ने इस बारे में डीसी कैथल को पत्र लिख दिया है। विभाग की डीएसपी तान्या सिंह इस बारे में जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में हैं।