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आरोप : सत्तारूढ़ भाजपा नेता जनतंत्र की कर रहे हत्या

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पंचकूला। सत्ता के नशे में चूर भाजपा नेता जनतंत्र की हत्या करने पर उतर आए हैं। वह शहर का विकास नहीं विनाश करना चाहते हैं। यही कारण है कि मेयर कुलभूषण गोयल और निगम आयुक्त बिना पार्षदों का सुझाव जाने बंद कमरे में एजेंडा तैयार कर रहे हैं। इतना ही नहीं मेयर और भाजपा पार्षद सत्ता में होने का फायदा उठाकर धक्केशाही से एजेंडे को पास कर रहे हैं। चार मीटिंग में पास एजेंडे में से एक भी विकास कार्य धरातल पर नहीं उतारा। यह आरोप कांग्रेसी पार्षद और विपक्ष दल के नेता सलीम दबकौरी ने लगाए हैं। वह शनिवार को सेक्टर-1 स्थित रेड बिशप में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने बीते दिन सदन की बैठक में हुए हंगामे की विस्तार से जानकारी दी।
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कांग्रेसी पार्षद सलीम दबकौरी ने कहा कि सदन की बैठक में हंगामे का मुख्य कारण कांग्रेस और जजपा पार्षदों के वार्ड में विकास कार्य न होना था। उन्होंने कहा कि पिछली बैठक में सुझाव दिया था कि एजेंडा तैयार करने से पहले एक बार सभी 20 पार्षदों के साथ एक मीटिंग की जाए। इसमें शहर के विकास को लेकर सुझाव मांगे जाएं। लेकिन, मेयर और निगम आयुक्त द्वारा कोई पहल नहीं की गई। लेकिन सत्ता का नशा होने के कारण बिना किसी पार्षद की राय लिए एजेंडा तैयार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब पांचवीं बैठक का एजेंडा मिला तो वह निगम आयुक्त धर्मवीर सिंह से मिले और पूछा कि इसमें पार्षदों द्वारा समस्याओं के निदान को लेकर लिखे पत्र को भी शामिल किया गया है। उन्होंने बताया कांग्रेस और जजपा पार्षदों द्वारा एक नहीं कई पत्र निगम आयुक्त, मेयर और विधानसभा अध्यक्ष का सौंपा गया था। लेकिन, निगम आयुक्त ने एक ही बयान दिया कि एजेंडा मेयर कुलभूषण गोयल तैयार करते हैं और फाइनल डीएमसी दीपक सूरा करते हैं। जब उन्होंने डीएमसी सूरा से मुलाकात कर पूछा तो जवाब मिला कि उनके पास एजेंडा केवल हस्ताक्षर के लिए आता है। जबकि इस तरह की प्रक्रिया पहले नहीं थी। वह पिछले पांच साल से पार्षद हैं।
सदन की मीटिंग में कॉलोनियों में मूलभूत सुविधाएं मुहैया करवाने का एजेंडा पास हुआ था, लेकिन एक सोची-समझी साजिश के तहत मिनिट्स में उसे शामिल नहीं किया गया। प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी लगातार कह रहे हैं कि कॉलोनियों में भी विकास किया जाए और लोगों को सुविधाएं मुहैया करवाई जाएं। दूसरा सबसे बड़ा मुद्दा सामुदायिक केंद्र में सुविधाओं का था। शहर के किसी भी सामुदायिक केंद्र में बिजली, पानी और सफाई की व्यवस्था नहीं है। कांग्रेस शहर का विकास जाती है, विनाश नहीं। दबकौरी ने कहा कि मेयर द्वारा आरोप लगाया जा रहा कि कांग्रेसी नेता शहर में विकास नहीं होने दे रहे हैं उनकी ये सोच बिल्कुल गलत है। वहीं, मेयर ने बयान जारी कर आरोप लगाया है कि सदन की बैठक में महिलाओं के साथ बदसलूकी की गई। यह आरोप बेबुनियाद है। भाजपा पार्षदों में सामना करने का दम नहीं है। यही कारण है कि सदन की मीटिंग से वाकआउट करके बाहर चले गए, जबकि वह अंदर ही थे। इस मौके पर कांग्रेसी पार्षद संदीप सोही, पार्षद अक्षयदीप चौधरी, पार्षद उषा रानी, पार्षद गौतम प्रसाद, पार्षद गुरमेल कौर, पार्षद पंकज वाल्मीकि मौजूद रहे।
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