नारनौल। अटेली थाना क्षेत्र में साल 2024 को हुई मारपीट की घटना की सुनवाई करते हुए एडीशनल सेशन जज ने साक्ष्यों के अभाव में दो युवकों को बरी करने का फैसला सुनाया है।
18 सितंबर 2024 को गांव भीलवाड़ा निवासी सत्येंद्र कुमार अपने घर का कोई सामान लेने के लिए रात साढ़े 8 बजे बस स्टैंड गए थे। इस दौरान एक युवक ने उनसे किसी पते के बारे में पूछा। सत्येंद्र को पता नहीं मालूम था तो उन्होंने बताने से मना कर दिया।
इसी बात को लेकर दोनों में बहस हो गई। इस दौरान पता पूछने वाले युवक ने अपने साथी को फोन कर बुला लिया। दोनों युवकों ने डंडे से हमला कर सत्येंद्र को बेहोश कर दिया।
इसके बाद पड़ोसी ने उनको घर पहुंचाया और परिजन उसे 20 सितंबर को अटेली के सरकारी अस्पताल में लेकर गए। वहां से उन्हें नारनौल रेफर कर दिया गया व यहां से पीजीआई रोहतक के लिए रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन उसे जयपुर लेकर गए। जहां उसका उपचार हुआ और ठीक होने के बाद मामला दर्ज कराया।
इस मामले में दोनों पक्षों के वकीलों की दलील और पीपी द्वारा कोई ठोस साक्ष्य पेश न कर पाने के चलते एडीशनल सेशन जज हर्षाली चौधरी ने आरोपी अजीत और नरेश दोनों को बरी कर दिया।