सरस्वती तीर्थ पर रविवार से जिला स्तरीय गीता महोत्सव शुरू हो गया। इस तीन दिवसीय महोत्सव का शुभारंभ रविवार को एसडीएम सोनू राम ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस दौरान उन्होंने प्रदर्शनियों का अवलोकन भी किया। इस दौरान बाबा मान सिंह स्कूल के विद्यार्थियों ने गीता के श्लोकोच्चारण में भाग लिया। वहीं कई स्कूलों से कार्यक्रम में पहुंची छात्राओं ने पंजाबी और हरियाणवी नृत्य से दर्शकों का मन मोह लिया।
एसडीएम सोनू राम ने कहा कि गीता एक ऐसा ग्रंथ है, जो संपूर्ण विश्व और मानवता के लिए बहुत उपयोगी है। जीवन में किसी भी नकारात्मक स्थिति से उभरने में गीता हमारा मार्गदर्शन करती है। गीता एक धार्मिक ग्रंथ है, जिसका विश्व की सर्वाधिक भाषा में अनुवाद किया गया है। आज के दौर में नई पीढ़ी संस्कारों से दूर होती दिखाई दे रही है। गीता के ज्ञान से नव पीढ़ी में संस्कार आएंगे और एक सभ्य समाज की स्थापना होगी। इस दौरान आर्बर ग्रोव पब्लिक स्कूल की छात्राओं ने पंजाबी गिद्दा, एसडीएसएन पब्लिक स्कूल की परी ने हरियाणवी नृत्य तथा ग्रुप नृत्य व पंजाबी नृत्य किया। बाबा श्रवण नाथ स्कूल की छात्राओं ने हरियाणवी कोरियोग्राफी व पंजाबी समूह नृत्य और डॉ. गुरतेज सिंह ने नाटक की प्रस्तुति दी गई। हरियाणवी आरकेस्ट्रा ऋषि नागर द्वारा लोकगीत व भजन, लीडर रामबीर नाथ सोढा के नेतृत्व में अंतरराष्ट्रीय बीन जोगी ग्रुप द्वारा बीन प्रस्तुति, अंतरराष्ट्रीय लोक कलाकार हरिशंकर नागर व साथी अलगोजा राजस्थान द्वारा कच्छी घोड़ी की प्रस्तुति दी गई। इस मौके पर राकेश पुरोहित, रमेश वर्मा, विक्की वर्मा, रामकृष्ण दुआ, आशीष चक्रपाणि, रामधारी शर्मा, विकल चौबे, तरसेम गर्ग, केशव सिंगला, विक्की लोहार, आदित्य बहल, निर्भय छाबड़ा, मनोज शर्मा सहित अन्य मौजूद रहे।