संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। शादी करवाने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह की दो महिला सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इन दोनों आरोपी महिलाओं को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। ये गिरोह शादी करवाने के नाम पर रुपये लेता है और जिस लड़की से शादी कराते हैं वह कुछ दिन बाद वापस आ जाती है और दोबारा ससुराल नहीं जाती।
घरौंडा थाना प्रभारी दीपक ने बताया कि शिकायतकर्ता सुशील कुमार निवासी गांव कोहंड जिला करनाल ने शिकायत दी थी कि वह कुछ दिन पहले सुशील कुमार वासी क्योड़क जिला कैथल से मिला था। उसने बताया था कि उसकी हिमाचल पोंटा साहिब में उसकी जान पहचान है वह रुपये देकर उसकी शादी करा देगा। वह सुशील कुमार की बातों में आ गया और 2.30 लाख रुपये में शादी कराने की बात पक्की कर दी। एक लाख रुपये उसने सुशील को दे दिए। इसके बाद 28 फरवरी को वह अपने परिवार के सदस्यों व सुशील कुमार के साथ शादी करने के लिए पोंटा साहिब से थोड़ी आगे सटोन शहर में पहुंचा। वहां रीतू नाम की एक महिला ने पूजा नाम की एक लड़की के साथ उसकी शादी करा दी। इस दौरान उसने बाकि के रुपये रीतू नाम की महिला को दे दिए। वह अपनी पत्नी पूजा के साथ घर आ गया। शादी के कुछ दिन बाद ही लड़की पक्ष के लोग लड़की को अपने घर घुमा कर ले जाने का दबाव बनाने लगते हैं। जिनकी बातों को देखकर शिकायतकर्ता को शक हुआ कि उसके साथ धोखाधाड़ी की गई है। इस शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। इस मामले की जांच एएसआई कृष्ण कुमार थाना घरौंडा को सौंपी गई। 8 मार्च को टीम के सहयोग से दो महिला आरोपी माया उर्फ रीतू निवासी गांव सिरला जिला पोंटा साहिब हिमाचल प्रदेश व श्यामा उर्फ पूजा निवासी गुंडहा जिला सिरमौर हिमाचल प्रदेश को पोंटा साहिब से गिरफ्तार करके लाया गया। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने मिलकर करीब एक महिने पहले भी श्यामा उर्फ पूजा नाम की लडकी की शादी 2 लाख रुपये में पानीपत के गांव खोजकीपुर के रहने वाले गोवर्धन के साथ भी करवाई थी जो बहाना बनाकर वापस घर आई गई और वापस नहीं गई।