संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल/घरौंडा। बसताड़ा टोल पर किसानों पर हुए लाठीचार्ज के बाद संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत रविवार को बसताड़ा टोल स्थित धरनास्थल पर पहुंचे। इसके बाद वे करनाल के जिला नागरिक अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर पहुंचे और चोटिल किसानों का हाल जाना। उन्होंने कहा कि करनाल के एक अधिकारी ने आदेश दिए कि आगे बढ़ने वाले किसानों के सिर फूटने चाहिए। उन्होंने इसे तालिबानी रवैया बताया। साथ ही ऐसे अधिकारी की नियुक्ति नक्सल प्रभावित क्षेत्र में करने की सलाह दी।
नेशनल हाईवे जाम करने के सवाल पर टिकैत ने कहा कि किसानों ने सिर्फ 20 मिनट ही जीटी रोड जाम किया था। यदि सरकार का रवैया नहीं सुधरा तो वह दिन दूर नहीं जब 20 दिन तक भी हाईवे जाम होगा।
लाठीचार्ज करने वालों पर कार्रवाई की मांग : चढूनी
भारतीय किसान यूनियन के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने आरोप लगाया कि सरकार ने किसानों से बदला लेने के लिए करनाल में शनिवार को कार्यक्रम रखा था। यह केवल किसानों को पीटने की साजिश थी। उन्होंने लाठीचार्ज करने व किसानों के वाहनों को तोड़ने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।