पिछले साल से धान की खरीद 31 लाख क्विंटल कम हुई है लेकिन दिवाली के बाद धान खरीद पर पेंच फंस गया है, क्योंकि प्रतिबंध के बावजूद उत्तर प्रदेश सहित सीमांत राज्यों से बड़ी मात्रा में धान करनाल जिले की मंडियों तक पहुंच चुका है। सरकार को अब आढ़तियों, राइस मिलर्स और खरीद एजेंसियों के साथ-साथ मंडी कर्मियों पर अंतिम समय में खेल करने की आशंका है, इस कारण हरियाणा सरकार ने बुधवार को भी धान की खरीद नहीं की।
सैकड़ों किसान मंडियों के पास धान भरी ट्रैक्टर ट्रालियां लेकर कतारों में खड़े हैं। जिससे जाम की स्थिति बन रही है। हाईवे के सर्विस लेन पर भी आवागमन मुश्किल हो रहा है। इधर, करनाल अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने किसानों के साथ उपायुक्त से मिलकर धान की खरीद शुरू कराने की मांग की। लेकिन उपायुक्त से साफ कर दिया है कि पटवारी व नंबरदारों द्वारा उचित सत्यापन किए जाने के बाद ही धान की खरीद की जाएगी।
मार्केटिंग बोर्ड हरियाणा ने अनाज मंडियों में दिवाली पर चार से सात अक्तूबर तक धान की खरीद बंद रखने का आदेश दिया था। दिवाली के मौके पर सीमाओं पर सुरक्षा घटने के दौरान बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश आदि सीमांत राज्यों से किसान धान लेकर हरियाणा की विभिन्न मंडियों में पहुंच गए हैं। करनाल जिले की शहर सहित विभिन्न मंडियों में धान लेकर आए किसानों की लंबी कतारें लगी हैं । इसमें ऐसे किसान भी हैं, जो रहते तो हरियाणा में हैं, उनके आधारकार्ड भी करनाल जिले के ही हैं लेकिन जमीन यूपी में हैं, धान यूपी में उत्पादित किया गया है। लेकिन ऐसे भी कई किसान हैं, जो वास्तव में मौसम की खराबी के कारण देरी से धान की कटाई करा सके और अब मंडियों में धान लेकर पहुंचे हैं। मार्केटिंग बोर्ड ने सीमांत राज्यों से बड़ी मात्रा में धान आने की आशंका के तहत ही सात नवंबर के बाद अभी तक गेटपास जारी नहीं किए, जिससे धान की खरीद नहीं हो सकी। आलम यह है कि सैकड़ों किसान करनाल, निसिंग आदि कई मंडियों में धान ट्रैक्टर ट्रालियों में लेकर खड़े हैं।
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करनाल। नई पंचायत अनाज मंडी करनाल के प्रधान रजनीश चौधरी की अगुवाई में बुधवार को कई आढ़ती व किसानों ने लघु सचिवालय पहुंचकर उपायुक्त निशांत कुमार यादव से मुलाकात की और धान खरीद शुरू कराने की मांग की। बताया कि सैकड़ों किसान धान लेकर खडे़ हैं। कई रास्ते जाम होने की स्थिति में हैं।
प्रधान रजनीश चौधरी ने बताया कि अभी उपायुक्त ने कोई आश्वासन नहीं दिया है। पहले सत्यापन कराने की बात कही है। उनके साथ गए किसान प्रतिनिधि पूर्व सरपंच मक्कू माजरी कुलतार सिंह ने बताया कि उपायुक्त ने भरोसा दिया है कि सत्यापन कराने के बाद कल से धान खरीद शुरू हो सकती है। इसमें दीपक आनंद, नवदीप शाही, कुलतार सिंह, गुरमुख सिंह, बलिंदर सिंह, त्रिलोक सिंह, जसवंत सिंह, बग्गा सिंह संधू, नवीन मित्तल आदि शामिल रहे।
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-यूपी आदि सीमांत राज्यों से काफी अधिक धान पहुंच चुका है। इसलिए पटवारी और नंबरदारों द्वारा उचित सत्यापन के बाद ही धान की खरीद शुरू की जाएगी।
-निशांत कुमार यादव, उपायुक्त करनाल