माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। लगातार बढ़ते तापमान के बीच पेयजल की खपत भी बढ़ गई है। नगर निगम ने 32 करोड़ रुपये की लागत से पाइप लाइन बिछाने व नलकूप लगाने की परियोजना को पूरा करके भले ही ये दावा किया हो कि निगम के सभी शहरी क्षेत्रों में पेयजल पहुंचा दिया गया है। शहर का ऐसा कोई हिस्सा नहीं जो पीने के पानी से महरूम हो, लेकिन शहर में करीब एक लाख से अधिक अवैध पेयजल कनेक्शन हैं। जो जलकर नहीं दे रहे, जिसका नुकसान नगर निगम को हो रहा है। ये स्थिति पूरे हरियाणा में है। स्थानीय निकाय विभाग ने राज्य स्तर पर एक सर्वे कंपनी को टेंडर देकर पेयजल कनेक्शन के लिए सर्वे शुरू कराया है।
हाल ही में पेयजल के लिए सीधी वाटर सप्लाई के लिए 13 नलकूप लगाए गए। अब तक शहर में 160 नलकूप लगाए जा चुके हैं। अभी दस अन्य कॉलोनियों में भी शीघ्र ही नलकूप लगाया जाना प्रस्तावित है। जहां नलकूप लगाए जाने हैं, वहां पानी की आपूर्ति तो शुरू कर दी गई है लेकिन इनसे जलकर की वसूली का सर्वे अभी पूरा नहीं हो सका है। इसका सर्वे अभी चल रहा है। निगमायुक्त नरेश नरवाल ने बताया कि पिछले दिनों जो कॉलोनिया एप्रूव्ड हुई थी, उनमें भी पाइप लाइन डालकर पेयजलापूर्ति शुरू कर दी गई है। यहां करीब 20 नलकूपों लगाए गए हैं। नई क्षेत्र में 99 किमी पाइप लाइन प्रस्तावित थी लेकिन मौके पर आवश्यकता के अनुसार कुल 108 किमी पाइप लाइन डाली गई है। पेयजलापूर्ति के कार्यो पर करीब 32 करोड़ रुपये व्यय किए गए हैं। शहर में पेयजलापूर्ति तो हर जगह पहुंचा दी गई है, अब हाउसहोल्ड सर्वे किया जा रहा है, उसी के आधार पर लोगों को जलकर के बिल जारी किए जाएंगे।
1.62 लाख घरों में से 56573 घरों में हैं पेयजल कनेक्शन
-नगर निगम द्वारा अभी तक 29000 पेयजल सहित पेयजल व सीवरेज संयुक्त कनेक्शन सहित कुल 40573 कनेक्शन हैं। इसके साथ ही हरियाणा विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) द्वारा सेक्टर 4, 5, 6, 7, 8, 9, 12, 13, 14, 16, 32 व 33 के साथ साथ महिला आश्रम, ओल्ड तहसील व हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में करीब 16000 पेयजलापूर्ति कनेक्शन है। सेक्टर 32, 33 में कनेक्शन दिए भी जा रहे हैं। इस तरह शहर में करीब साढ़े 56573 पेयजल कनेक्शन है, जबकि शहर में संपत्ति 1.62 लाख हैं, इस हिसाब से शहर में 105427 गृह व दुकान स्वामी बिना वैध कनेक्शन के ही पेयजलापूर्ति का उपयोग कर रहे हैं, जो अवैध कनेक्शनधारक हैं।
हाल ही में यहां लगाए गए नलकूप
शहर के वार्ड एक के मंगलपुर में, वार्ड 3 के निर्मल विहार, वार्ड 11 की वाल्मीकि बस्ती, वार्ड 12 का चमन गार्डन, वार्ड 13 की पुरानी अनाज मंडी व कर्ण ताल पार्क, वार्ड 14 के गप्पू वाला बाग में दो नलकूप, वार्ड 15 के जुंडला गेट एरिया, वार्ड 18 में प्रेम कॉलोनी पार्क, वार्ड 19 के कश्मीरा सिंह पार्क एरिया व प्रेम नगर रेलवे पुल के नीचे तथा वार्ड 20 के उचाना आदि में 13 नलकूप हाल ही में लगाए गए हैं।
तीन बार होती है पेयजलापूर्ति
शहर में सीधी पेयजलापूर्ति के लिए लगाए गए 160 नलकूपों से जिनसे चौबीस घंटे में तीन बार में शहर के अलग-अलग हिस्सों में जलापूर्ति की जाती है। इसके लिए समय सारणी बनाई गई है। जिसमें सुबह 5 से 9 बजे, दोपहर 12 से 2 बजे और शाम 5 से 9 बजे तक लोगों को पीने का पानी सप्लाई किया जा रहा है।
यहां लगेंगे नलकूप
निगमायुक्त नरेश नरवाल ने बताया कि नौ अतिरिक्त व प्रस्तावित नलकूप भी हैं। वार्ड 17 के रजवाहा रोड पर, वार्ड 2 के आरके पुरम की गली नंबर 6 व आईटीआई चौक, वार्ड 3 के फूसगढ़ गांव, वार्ड 6 का चांद सराय एरिया, वार्ड 12 के संत नगर , वार्ड 13 में राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, वार्ड 14 की इंदिरा कॉलोनी तथा वार्ड 15 के मीरा घाटी चौक एरिया में नलकूप लगाए जाने हैं।
ऐसे करेें कनेक्शन के लिए आवेदन
जो व्यक्ति पेयजल का निजी कनेक्शन लेना चाहता है, उसे अपनी आवेदन फाइल में मकान या प्लॉट रजिस्टरी की कॉपी, परिवार पहचान पत्र, आधार व राशन कार्ड की कॉपी, प्रॉपर्टी टैक्स बिल की कॉपी, पड़ोस में रह रहे व्यक्ति के पानी के बिल की प्रति तथा पासपोर्ट साइज में एक फोटो लगानी होगी। इसके बाद फाइल सरल केंद्र व अटल सेवा केंद्र से ऑनलाइन करवाकर निगम की खिड़की नंबर 2 व 3 पर जमा करवानी होगी। फाइल सब्मिट करने के बाद नगर निगम की ओर से पेयजल का निजी कनेक्शन जारी कर दिया जाएगा। पानी के बिल में नाम परिवर्तन कराने के लिए आवेदन फाइल में आधार कार्ड की फोटो कॉपी, वोटर कार्ड, राशन कार्ड व रजिस्ट्री की कॉपी, एक पासपोर्ट साइज फोटो, हाउस टैक्स की फोटो कॉपी तथा पानी के बिल की फोटो कॉपी लगाकर फाइल निगम कार्यालय में देनी होगी।