करनाल। पं. मदन मोहन मालवीय और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती शनिवार को सुशासन दिवस के रूप में मनाई गई। जिला स्तर पर लघु सचिवालय में हुए कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिक्षामंत्री कंवर पाल गुर्जर ने शिरकत की। उन्होंने स्वामित्व योजना के तहत 29 लाभार्थियों को उनकी जमीन का मालिकाना हक प्रदान करते हुए डीड वितरित की।
वीसी के जरिये पंचकूला से मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी कार्यक्रम में जुड़े। उन्होंने दो लाभार्थियों रुकसाना गांव की दर्शना देवी और ढाकवाला गुजरान के भीम सिंह से सीधा संवाद कर योजना के लाभ के बारे में जानकारी ली। कार्यक्रम में वर्ष भर सराहनीय कार्य करने पर जिला राजस्व अधिकारी (डीआरओ) श्यामलाल और मेडिकल कॉलेज के निदेशक डॉ. जगदीश चंद्र दुरेजा को सम्मानित किया। इससे पहले सीएम ने विभिन्न नई योजनाओं की शुरुआत की। इनमें डायल 112 की सुविधा का लाभ मूक-बधिर को एसएमएस या व्हाट्सएप पर देने के लिए प्लेटफार्म तैयार करने, ऑनलाइन आर्म्ड लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया रोहतक और पंचकूला से पॉयलट परियोजना के तौर पर शुरू करने, पीडीएस सिस्टम के तहत जनवरी में परिवार पहचान पत्र कार्ड के आधार पर डिपो से राशन वितरण आदि शामिल रहीं। कार्यक्रम में घरौंडा के विधायक हरविंद्र कल्याण, इंद्री के विधायक रामकुमार कश्यप, डीसी निशांत कुमार यादव, एसपी गंगाराम पूनिया, भाजपा जिलाध्यक्ष योगेंद्र राणा और उपाध्यक्ष प्रवीण लाठर मौजूद रहे। ब्यूरो
बोले, अब जमीन पर ले सकेंगे लोन
सीएम से संवाद के दौरान दर्शना देवी और भीम सिंह ने उनका डीड के लिए धन्यवाद करते हुए कहा कि अब वे अपनी जमीन पर बैंक ऋण जैसी सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे। डीड प्राप्त करने वालों में असंध खंड के गांव रूकसाना से विजय सिंह, दर्शना देवी, किताब सिंह और बलविंद्र सिंह, इंद्री खंड के गांव शेखपुरा खादर से जसविंद्र सिंह, त्रिलोचन सिंह, जोगिंद्र सिंह, रोशन लाल, महिंद्र सिंह, मलकीत सिंह, राम सिंह, राजकुमार, परमल सिंह, फूसगढ़ से राम प्रकाश, नाथी राम, सलिंद्र कुमार, अशोक कुमार और दलबीर सिंह, करनाल खंड के गांव खरखवाली से कृष्ण लाल, सुखबीर सिंह, कृष्ण कुमार, बलविंद्र सिंह, रमेश कुमार, जसमेर सिंह और बलविंद्र सिंह, ढाकवाला गुजरान से हरि कृष्ण, लछमन सिंह, भीम सिंह और नरेश शामिल हैं।
गांव सिरसी से शुरू हुई योजना, देश भर में हुई लागू : शिक्षा मंत्री
शिक्षा मंत्री ने कहा कि करनाल के गांव सिरसी से लाल डोरा खत्म करने के लिए स्वामित्व योजना शुरू हुई थी, जिसे आज देशभर में लागू किया गया है। प्रदेश सरकार द्वारा शुरू की गईं कई योजनाओं की सराहना देशभर में हो रही है। केंद्र सरकार और एनजीओ से 150 से अधिक अवार्ड भी प्रदेश सरकार को मिल चुके हैं। डीसी ने बताया कि जिले के अब तक 291 गांव लाल डोरा मुक्त हो गए हैं, शेष में प्रक्रिया जारी है। अब तक 50 हजार से अधिक लाभार्थियों को डीड वितरित की जा चुकी है।