फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आंगनबाड़ी वर्कर्स ने सरकार की शव यात्रा निकालकर फूंका पुतला

विज्ञापन
विज्ञापन
करनाल। मानदेय बढ़ाने की मांग के समर्थन में आंगनबाड़ी वर्कर्स का आंदोलन तेज होता जा रहा है। शनिवार को आंगनबाड़ी वर्कर्स ने सरकार की शव यात्रा निकाली और पुतला फूंक कर रोष व्यक्त किया। प्रदर्शनकारी महिलाएं सुबह कर्ण पार्क में एकत्रित हुई। दोपहर में यहां से शव यात्रा निकाली गई जो कमेटी चौक तक गई। इस दौरान वर्कर्स ने एक घंटे तक प्रदर्शन किया। मांगों पर सहमति न बनने के कारण जिले के सभी केंद्रों पर शनिवार को 53 वें दिन भी ताले लटके रहे।
विज्ञापन

जिला प्रधान रूपा राणा ने कहा कि अब किसी भी सूरत में आंदोलन कमजोर नहीं होगा। सरकार आंदोलन को तोड़ने के लिए वर्कर्स को नौकरी से भी बर्खास्त कर रही है। उन्होंने बताया कि सोमवार को पीओ कार्यालय और एक फरवरी को डीसी कार्यालय का घेराव किया जाएगा। इसके बाद दो फरवरी को शहर में मानव श्रृंखला बनाई जाएगी। इसे लेकर उन्होंने तैयारी कर ली है। संचालन सचिव बिजनेश राणा ने किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री में 2018 में जो वेतन बढ़ोतरी की घोषणा की थी, वह भी लागू नहीं हुई। चार साल से केंद्र सरकार से बढ़ा हुआ पैसा सरकार ले रही है। इसके अलावा मार्च 2018 में मुख्यमंत्री ने जो घोषणाएं की थी, वे भी अभी तक लंबित हैं। जब तक सरकार उनकी मांगें नहीं मानती तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस अवसर पर पूनम, रेखा, संगीता, नीलम, सरोज, रीना, उषा राणा, ललिता, पिंकी, कविता, अनिता, ममता और बबीता मौजूद रहे।
समर्थन में आए सीटू जिला प्रधान सतपाल सैनी, सचिव जगपाल राणा, उपप्रधान ओपी माटा व जोगा सिंह ने कहा कि सरकार ने 24 जनवरी को वर्कर्स और हेल्पर्स के वेतन के अलग-अलग राज्यों के आंकड़े प्रस्तुत करके जनता को भ्रमित किया है। दावा किया है कि मानदेय देने के मामले में हरियाणा दूसरे नंबर पर है। जबकि हरियाणा देश में पांचवें पायदान पर है। तमिलनाडु, तेलंगाना, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल व केरल सहित कई राज्यों में वेतन ज्यादा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें