जींद। हनी ट्रैप गिरोह को गिरफ्तार करने की मांग को लेकर पीड़ित पक्ष के लोगों ने सामाजिक संगठन के साथ एसपी आवास के सामने नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से खदेड़ दिया, लेकिन वे एसपी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे गए। यह प्रदर्शन पटियाला चौक से शुरू होकर एसपी आवास तक किया गया। परिजनों ने पुलिस पर गिरोह के सदस्यों के साथ मिलीभगत करने का आरोप लगाते हुए पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
गांव सुरबूरा निवासी राजेश के परिजन और रिश्तेदार बुधवार को पटियाला चौक पर एकत्रित हुए। राजेश की पत्नी बीना ने बताया कि उसके पति राजेश को पटियाला चौक निवासी मुस्कान उर्फ निशा ने अपने जाल में फांस कर कुछ लोगों के साथ मिलकर ब्लैक मेल करना शुरू कर दिया। उसके पति से लाखों रुपये की डिमांड की गई। डिमांड पूरी न करने पर मुकदमे में फंसा जेल भिजवाने की धमकी दी गई। मामले को लेकर सौदेबाजी हो रही थी तो परिजनों ने उसकी रिकार्डिंग और वीडियो बना ली। ब्लैकमेल करने की शिकायत शहर थाना पुलिस को दी गई। इसी बीच मुस्कान व उसके गिरोह ने उसके पति राजेश के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवा दिया। बाद में पुलिस ने गत 18 जनवरी को उसकी शिकायत पर मुस्कान, उसकी मां कमलेश, चांदराम, पवन उर्फ सोनी व कुछ अन्य लोगों के खिलाफ चौथ मांगने, ब्लैकमेल करने, महिला सेफ्टी कानून का दुरुपयोग करने का मामला दर्ज किया था। पुलिस ने उसके पति को गिरफ्तार कर लिया, लेकिन हनी ट्रैप में फांसने वाले गिरोह को तीन माह बाद भी गिरफ्तार नहीं किया गया, जबकि वह लगातार अधिकारियों से इस मामले में कार्रवाई की मांग कर ही है। महिला ने आरोप लगाया कि पुलिस गिरोह के साथ मिली हुई है।