जुलाना। कस्बे की नई अनाजमंडी में पारदर्शिता बढ़ाने और कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से पांच बायोमीट्रिक मशीनें लगाई गई हैं। इन मशीनों के माध्यम से मंडी में फसल की आवक और बिक्री प्रक्रिया को अधिक सुव्यवस्थित और सुरक्षित बनाया जाएगा।
नई व्यवस्था को लेकर कुछ भ्रम भी फैलाए जा रहे हैं जिन्हें मार्केट कमेटी ने सिरे से खारिज किया है। मंडी परिसर के विभिन्न स्थानों पुराने कार्यालय, नए भवन, गेट नंबर चार और मंडी के बीच दो स्थानों पर बायोमीट्रिक मशीनें लगाई गई हैं।
मार्केट कमेटी सचिव कोमिला ने बताया कि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होगी। किसान को केवल गेट पास बनवाने के बाद अपनी फसल आढ़ती के पास डालनी है और उसके बाद एक बार बायोमेट्रिक मशीन पर अंगूठा लगाना होगा जिसमें मात्र कुछ सेकंड का समय लगता है। किसान का स्वयं मंडी में उपस्थित होना अनिवार्य नहीं है।
मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल के माध्यम से किसान पहले ही तीन व्यक्तियों को अधिकृत कर सकता है, जिनमें आढ़ती, परिवार का सदस्य या ट्रैक्टर चालक शामिल हो सकता है। जो भी व्यक्ति फसल लेकर मंडी में आएगा उसी का बायोमेट्रिक सत्यापन किया जाएगा।
तीन गवाहों की आवश्यकता जैसी बातें पूरी तरह भ्रामक हैं। इस व्यवस्था का एक प्रमुख उद्देश्य दूसरे राज्यों से आने वाली फसल की अवैध एंट्री और कालाबाजारी को रोकना भी है। बायोमीट्रिक सत्यापन के बाद फसल की पूरी जानकारी दर्ज हो जाएगी, जिससे किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना कम हो जाएगी।
वर्जन
मंडी में प्रवेश के दौरान ट्रैक्टर पर नंबर प्लेट होना अनिवार्य रहेगा। नंबर प्लेट के साथ फोटो लेने के बाद ही गेट पास जारी किया जाएगा। यह प्रक्रिया सुरक्षा और रिकॉर्ड की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए लागू की गई है। जो भी भ्रम फैलाया जा रहा है उससे किसान बचें।
- कोमिला, सचिव मार्केट कमेटी जुलाना।
वर्जन
किसान किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और नई व्यवस्था में सहयोग करें। इन व्यवस्थाओं के चलते किसानों को अपनी फसल बेचने में किसी प्रकार की परेशानी नहीं आएगी और मंडी व्यवस्था अधिक पारदर्शी और सुचारू रूप से संचालित होगी।
- मीनू शर्मा, चेयरमैन मार्केट कमेटी जुलाना।
02जेएनडी32: मंडी में बायोमेट्रिक मशीन पर अंगूठा लगाते हुए किसान। संवाद
02जेएनडी32: मंडी में बायोमेट्रिक मशीन पर अंगूठा लगाते हुए किसान। संवाद