बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ मुहिम के तहत केंद्र सरकार हर बेटी की शादी पर दो लाख रुपये की सहायता देगी। यह अफवाह ऐसी चली कि लोगों को हुजूम डाक घरों की तरफ दौड़ पड़ा। दोपहर बाद तीन बजे के बाद भी जब डाकघरों में डाक रजिस्टरी करवाने वालों की लाइन कम नहीं हुई तो डाकघर के कर्मियों ने ही प्रशासन को सूचित किया। इसके बाद डीसी विनय सिंह और शहर थाना प्रभारी नर सिंह मौके पर पहुंचे और लोगों को जबरन डाकघर से बाहर निकाला गया। डीसी लोगों से कहते रहे कि ऐसी कोई योजना नहीं है, फिर भी यहां मौजूद महिलाओं ने डाकघर नहीं छोड़ा। इसको लेकर स्कीम नंबर 19 स्थित मुख्य डाकघर में करीब एक घंटे तक हंगामा रहा। पुलिस के मुताबिक, आधा दर्जन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इनमें कुछ फोटोस्टेट दुकान संचालक भी शामिल हैं।
पिछले एक सप्ताह से अफवाह चल रही थी कि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ मुहिम के तहत केंद्र सरकार लड़की की शादी पर दो लाख रुपये की सहायता देगी। सोमवार को गांवों तक भी इसका प्रचार हो गया। ऐसे में शहर और गांवों से सैकड़ों महिलाएं और पुरुष फार्म की जुगत में लग गए। इसका लाभ उठाकर फोटोस्टेट दुकान संचालकों ने भी जमकर चांदी कूटी। कई जगह फार्म दस रुपये में बेचा गया तो कुछ लोगों ने एक रुपये की फोटोकॉपी के लिए 50 से 150 रुपये तक वसूले।
दो जिलों में योजना, मंगलवार को अंतिम दिन
अफवाह फैलाने वालों ने योजनाबद्ध तरीके से अपने काम को अंजाम दिया। इसके तहत अफवाह फैलाई गई कि यह योजना सिर्फ पानीपत और जींद जिले में ही है। यह भी कहा गया कि मंगलवार को इसकी अंतिम तारीख है। इस कारण लोगों में योजना के लिए आवेदन करने की भगदड़ मच गई। इसके लिए लोग महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार, शास्त्री भवन, नई दिल्ली के पते पर पंजीकृत डाक से फार्म भेज रहे थे।
डॉ. बीआर अंबेडकर कल्याण समिति ने दी शिकायत
हालांकि, मामला कई दिन से चल रहा है। इससे नगर पार्षद भी काफी परेशान हैं। लोग आवेदन फार्म लेकर नगर पार्षदों से सत्यापित करवा रहे थे। इसकी सूचना जब डॉ. बीआर अंबेडकर समिति को लगी तो इसकी जानकारी जुटाकर संस्थान ने प्रशासन से शिकायत की।
आठ से 32 साल की उम्र तय
अफवाह फैलाकर फार्म बेचने वालों ने तय किया कि यह योजना सिर्फ आठ साल से 32 साल की लड़कियों के लिए है। इसमें परिवार की जानकारी के साथ बैंक खाता नंबर और इसका विवरण भी मांगा गया गया है और लाभार्थी का एक फोटो भी लगाने को कहा गया है।
मैंने अपनी बेटी का भरवाया फार्म
कॉलोनी में फार्म भरवाए जा रहे हैं। मैंने भी अपनी बेटी अंजली का फार्म भर दिया। बाद में डाकघर आने के बाद पता चला कि यह स्कीम नहीं अफवाह है। इसके लिए कॉलोनी से ही 50 रुपये का फार्म खरीदा है।
-अंजू
हमारे पैसे हुए बरबाद
हमने सोचा था कि यह स्कीम भारत सरकार द्वारा चलाई गई है, लेकिन यहां डाकघर आकर पता चला कि सरकार की ओर से ऐसी कोई स्कीम चलाई ही नहीं गई। इससे हमारे पैसे भी बर्बाद हो गए।
-बबीता
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के तहत स्कीम के नाम पर फर्जीवाड़ा सामने आया है। किसी ने भी इस तरह की अफवाह फैलाई है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस को कार्रवाई के लिए कहा गया है।
-विनय सिंह, डीसी
यह मामला संज्ञान में आने के बाद अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। डीएसपी सिटी कप्तान सिंह के नेतृत्व में टीम बना दी गई है। इसकी जांच चल रही है। जिसने भी अफवाह फैलाई है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
-शशांक आनंद, एसएसपी