हरियाणा के जींद में नगर परिषद में प्रॉपर्टी आईडी बनाने की एवज में पांच हजार रुपये रिश्वत लेते क्लर्क को स्टेट विजिलेंस ब्यूरो ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। ब्यूरो ने क्लर्क के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मंडी सैनियान (हांसी) निवासी अजय ने स्टेट विजिलेंस ब्यूरो को दी शिकायत में बताया था कि उसे नगर परिषद जींद में प्रॉपर्टी आईडी बनवानी थी। इसके लिए नगर परिषद में प्रॉपर्टी आईडी एवं टैक्स क्लर्क नरेश ने 10 हजार रुपये मांगे थे। पांच हजार रुपये उसे पहले दे दिए गए थे, जबकि पांच हजार रुपये की ओर मांग कर रहा था।
शिकायत के आधार पर डीएसपी कमलजीत के नेतृत्व में छापामार टीम का गठन किया गया। जिसमें एसआई बलजीत, अनिल, एएसआई कमलजीत, सिपाही कुलदीप को शामिल रहे। ड्यूटी मजिस्ट्रेट के तौर पर काडा के एक्सईएन सौरभ गर्ग को नियुक्त किया गया। छापामार टीम ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट से हस्ताक्षर करवाकर पाउडर लगाकर 500-500 के दस नोट शिकायतकर्ता को दिए।
संपर्क साधने पर प्रॉपर्टी आईडी एवं टैक्स क्लर्क नरेश ने शिकायतकर्ता को डीसी कार्यालय के सामने पार्क में बुला लिया। जैसे ही नरेश को रिश्वत राशि दी तो इशारा मिलते ही छापामार टीम ने उसे काबू कर लिया। तलाशी लिए जाने पर उसकी जेब से रिश्वत राशि बरामद हो गई। हाथ धुलवाने पर उनका रंग लाल हो गया।
स्टेट विजीलेंस ब्यूरो ने अजय की शिकायत पर क्लर्क नरेश के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर पूछताछ शुरु कर दी। स्टेट विजीलेंस ब्यूरो के डीएसपी कमलजीत ने बताया कि प्रॉपर्टी आईडी बनाने की एवज में पांच हजार की रिश्वत लेते क्लर्क को गिरफ्तार किया गया है। फिलहाल क्लर्क से पूछताछ की जा रही है।