सब्जी मंडी से सब्जी लेकर बेचने वाले तीन लोगों में कोरोना का संक्रमण मिलने के बाद एकलव्य स्टेडियम के पास बनाई गई अस्थायी सब्जी मंडी में दूसरे दिन भी शनिवार को व्यवस्थाएं नहीं सुधरी। इसको लेकर आढ़तियों में रोष है। आढ़तियों ने फिर से मंडी खोलने की मांग को लेकर डीसी डॉ. आदित्य दहिया के साथ बैठक की। इसमें तय हुआ कि सभी लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद ही मंडी खोली जाएगी। इस पर रविवार को फिर से अधिकारियों और सब्जी मंडी के आढ़तियों के बीच बैठक होगी।
शनिवार को दूसरे दिन आढ़तियों के साथ मासाखोर भी सब्जी बेचने पहुंचे। आढ़तियों ने देखा कि जब मासाखोर भी सब्जी बेचने के लिए मंडी में आए हैं तो उन्होंने इसकी सूचना सब्जी मंडी प्रधान अवतार कुमरा को दी। जब प्रशासनिक अधिकारी मंडी का दौरा करने पहुंचे तो प्रधान ने इसकी सूचना उनको दी। उन्होंने नाराजी जाहिर करते हुए कहा कि जब मंडी में केवल आढ़तियों को ही सब्जी बेचने की अनुमति दे रखी है तो मासाखोर कैसे सब्जी बेच सकते हैं। ऐसे में प्रशासन कैसे कोरोना के संक्रमण को रोक सकता है। प्रशासनिक अधिकारी ने प्रधान अवतार कुमरा को आश्वासन दिया कि रविवार से केवल आढ़ती ही मंडी में सब्जी बेच सकेंगे, मासाखोरों को पहचान पत्र आई कार्ड दिए जाएंगे, जिससे रविवार सुबह किसान मंडी में आकर उन्हें सब्जी बेच सकेंगे।
सब्जी विक्रेताओं में कोरोना के संक्रमण से बंद की है सब्जी मंडी
गौरतलब है कि छात्तर गांव निवासी दो व संगतपुरा गांव निवासी एक सब्जी विक्रेता में कोरोना के संक्रमण की पुष्टी हुई थी। इसके चलते प्रशासन ने सब्जी मंडी कर एकलव्य स्टेडियम के पास अस्थायी सब्जी मंडी बनाई है।
वहीं स्वास्थ्य विभाग ने सब्जी मंडी में 70 आढ़तियों के सैंपल लिए हैं। इनकी रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद ही प्रशासन द्वारा पुरानी सब्जी मंडी में आढ़तियों को सब्जी बेचने की अनुमति दी जाएगी। हालांकि शनिवार को किसान अधिक संख्या में मंडी में सब्जी लेकर पहुंचे।
200 मासाखोरों का काम हो रहा प्रभावित
सब्जी मंडी में लगभग 200 मासाखोर सब्जी बेचकर अपना जीवन यापन करते थे। सब्जी मंडी से जुड़े तीन लोगों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद मासाखोरों द्वारा सब्जी बेचने पर रोक लगा दी गई है। पहले किसान सब्जी मंडी में आढ़ती मासाखोरों के माध्यम से ग्राहकों को सब्जी बेचते थे। अब केवल आढ़तियों को ही सब्जी बेचने की अनुमति है। ऐसे में इन 200 मासाखोरों का काम प्रभावित होगा।
शारीरिक दूरी का नहीं हुआ पालन
अस्थायी मंडी में शारीरिक दूरी कायम रखने के लिए प्रशासन द्वारा लगभग 110 स्टाल लगभग दस-दस फीट की दूरी पर बनाए गए हैं। इसके लिए इन स्टाल के बाहर दो मीटर की दूरी पर गोले बनाए गए। हालांकि ये गोले केवल 30 स्टाल के बाहर ही बनाया गए, लेकिन ग्राहक यहां सभी शारीरिक दूरी तोड़ते हुए सब्जी खरीद रहे थे। जबकि अन्य स्टाल पर भी यही हाल था।
सब्जी मंडी के प्रधान अवतार कुमरा ने बताया कि शनिवार सुबह मंडी में व्यवस्थाओं का जायजा लिया जा रहा था तो सामने आया कि मासाखोर भी सब्जी बेचने के लिए मंडी में पहुंच गए। उस समय उनके रोका नहीं गया। जब प्रशासनिक अधिकारी दौरा करने पहुंचे तो उन्हें इसकी सूचना दी गई। प्रशासनिक अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि रविवार से केवल आढ़ती ही मंडी में सब्जी बेच सकेंगे। अगर मासाखोर भी यहां सब्जी बेचेंगे तो ऐसे मेें यहां और पुरानी सब्जी मंडी में भीड़ में क्या अंतर है।
डीसी डॉ. आदित्य दहिया ने बताया कि आढ़ती इसको लेकर मिले हैं। राहत की बात है कि जिले में सात संक्रमित लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आ चुकी है। रविवार तक अन्य लोगों की रिपोर्ट भी आ जाएगी। सब्जी मंडी के आढ़तियों की जो भी रिपोर्ट आई है, वे सभी निगेटिव हैं। ऐसे में रविवार को फिर से आढ़तियों के साथ मीटिंग कर आगामी फैसला लिया जाएगा।