23 जुलाना 02: धरने पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए किसान। स्रोत: किसान
जुलाना। तहसील कार्यालय परिसर में भारतीय किसान यूनियन ने मांगों को लेकर जिला प्रधान नरेंद्र ढांडा की अध्यक्षता में धरना दिया। इसमें किसानों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
जिला प्रधान नरेंद्र ढांडा ने कहा कि सरकार किसानों और आम जनता के हितों की लगातार अनदेखी कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जुलाना तहसील को उपमंडल का दर्जा तो दे दिया गया लेकिन आज तक यहां लोगों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं करवाई गई हैं।
उन्होंने कहा कि तहसील कार्यालय में कर्मचारियों की कार्यप्रणाली भी संतोषजनक नहीं है। इसके कारण लोगों को अपने कार्य करवाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नरेंद्र ढांडा ने केंद्र सरकार की ओर से अमेरिका के साथ की जा रही ट्रेड डील का भी विरोध किया।
उन्होंने कहा कि यह समझौता किसान विरोधी है और इससे देश के किसानों को नुकसान होगा। भाकियू की मांग है कि सरकार इस प्रस्तावित ट्रेड डील को तुरंत वापस ले और किसानों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करे। धरने के दौरान किसान नेताओं ने रवि आजाद से जुड़े मामले को भी उठाया।
उन्होंने मांग की कि किसान नेता रवि आजाद का नार्को टेस्ट करवाया जाए और पूरे मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से करवाई जाए, ताकि सच्चाई जनता के सामने आ सके।
धरने के बाद भाकियू प्रतिनिधिमंडल ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एसडीएम होशियार सिंह को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन आंदोलन को और तेज करने के लिए मजबूर होगा। इस अवसर पर कुलवंत लाठर, सुमित लाठर, नरेंद्र लाठर, कप्तान सिंह, बिजेंद्र मलिक मौजूद रहे।