फसल अवशेष प्रबंधन योजना के तहत रेड व येलो जोन में आने वाले गांवों के किसान 25 सितंबर तक कृषियंत्र प्राप्त करने के लिए कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं।
डीसी नरेश नरवाल ने बताया कि अनुसूचित जाति के किसान भी व्यक्तिगत व कस्टम हायरिंग सेंटर श्रेणी में आवेदन कर सकते हैं। व्यक्तिगत श्रेणी में कृषि यंत्रों को किसानों को 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। किसानों की सहकारी समिति, पंजीकृत किसान समिति, एफपीओ तथा पंचायत द्वारा कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित करने पर 80 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। चयन उपरांत किसान सूचीबद्ध कृषि यंत्र निर्माताओं से मोल-भाव अपनी पसंद के यंत्र निर्माता से खरीद सकते हैं। कृषि यंत्रों की सूची विभागीय पोर्टल पर डाल दी गई है। उन्होंने कहा कि फसल अवशेष जलाने से फसल उत्पादन में काफी अंतर आता है और साथ ही भूमि की उर्वरा शक्ति भी कमजोर हो जाती है।