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सरकारी योजनाओं का लाभ पात्रों को मिले : डीसी

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झज्जर। जिले में अब प्रथम श्रेणी राजपत्रित अधिकारियों की निगरानी में ग्रामीण विकास का काम होगा। ग्राम संरक्षक योजना के तहत अधिकारी एक-एक गांव को गोद लेंगे। वहां विकास के कार्य किए जाएंगे। डीसी ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ग्रामीण क्षेत्रों में ढांचागत विकास को लेकर गंभीर हैं। ग्रामीण विकास को तरजीह दी जाएगी। सरकारी योजनाओं का लाभ पात्रों को मिलना चाहिए।
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उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने ग्राम संरक्षक योजना की शुरुआत करते हुए प्रथम श्रेणी राजपत्रित अधिकारियों को एक-एक गांव गोद लेने के निर्देश दिए हैं। डीसी ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल के निर्देशों के अनुसार जिले में सभी प्रथम श्रेणी राजपत्रित अधिकारियों को गांव गोद देने का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। ग्राम संरक्षक योजना के तहत सामाजिक भागीदारी सुनिश्चित करते हुए ग्रामीण विकास को तरजीह दी जाएगी। अधिकारी सेवा भावना के साथ काम करते हुए अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे। जिस प्रकार से निजी क्षेत्र में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) आधार पर कार्य होते हैं, उसी प्रकार उसे गवर्नमेंट-कम्युनिटी पार्टनरशिप (जीसीपी) को आधार रखते हुए ग्रामीण विकास पर फोकस किया जाएगा। डीसी ने बताया कि मुख्यमंत्री के अनुसार अधिकारियों को महीने में कम से कम एक बार अपने गोद लिए गांव का दौरा करना होगा। विकास कार्य की निगरानी करनी होगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को ‘सबका साथ-सबका विश्वास’ की विचारधारा का पालन करते हुए इस योजना पर समाज सेवा के रूप में कार्य करने को कहा है।
उन्होंने बताया कि इस योजना में सेवारत अधिकारियों और सेवानिवृत्त अधिकारियों सहित सभी लोग गांवों के विकास में अपना योगदान दे सकते हैं। इससे राज्य और तेजी से प्रगति के पथ पर अग्रसर होगा। संरक्षक वेबसाइट पर पंजीकरण कर पंचायतों का चयन भी कर सकते हैं। गोद लिए गए गांव को बदलने के लिए एडीसी कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है। गांव के विकास में योगदान देने के इच्छुक राज्य के सेवानिवृत्त अधिकारी और लोग हरियाणा स्वयंसेवी कार्यक्रम की वेबसाइट पर अपना पंजीकरण करा सकते हैं। डीसी ने बताया कि योजना के तहत सबसे पहले परिवार पहचान पत्र (पीपीपी) में आय सत्यापन का काम किया जाएगा। स्थानीय समितियां इस पर काम कर रही हैं और संरक्षक आय सत्यापन की प्रक्रिया में तेजी लाएंगे। इसके अतिरिक्त सत्यापित आय को प्रमाणित करने का काम भी किया जाएगा। सरकारी योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचे। योजना के तहत गांवों के पार्कों और व्यायामशालाओं के रखरखाव की निगरानी के अलावा, श्मशान घाटों पर स्वच्छ पेयजल आदि की सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। संरक्षक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के कामकाज की निगरानी भी करेंगे।
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