हिसार। बासड़ा गांव निवासी नत्थू राम को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में दोषी गांव निवासी राममूर्ति उर्फ मूर्ति देवी को शुक्रवार सजा सुनाई गई। एडीजे गुरविंद्र सिंह वधवा की अदालत ने दोषी को 6 वर्ष कठोर कारावास की सुजा सुनाई है। इसके अलावा 10 हजार रुपये जुर्माना लगाया। जुर्माना नहीं भरने पर उसे 6 महीने अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। राममूर्ति को अदालत ने वीरवार को दोषी करार दिया था।
मामले के संबंध में 22 अक्तूबर 2017 को बासड़ा निवासी भीम सिंह की शिकायत पर केस दर्ज किया गया था। पुलिस को दी शिकायत में उसने बताया था कि उस दिन उसके गांव का छोटू राम उसके पिता नत्थूराम के पास आया और कहा कि मूर्ति देवी ने सतवीर के खिलाफ शिकायत दी हुई है, इसलिए मूर्तिदेवी को समझाए। छोटू राम व गांव के अन्य लोगों के कहने पर नत्थूराम वहां गया। उस दौरान मूर्ति देवी व उसके बेटे विक्रम ने नत्थूराम से बहस की और झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। अगले दिन शाम को बालसमंद चौकी नत्थूराम के खिलाफ केस दर्ज करा दिया गया। धमकी से परेशान होकर नत्थूराम ने स्प्रे का सेवन कर लिया था, बाद में उसकी मौत हो गई। मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।