मैं खुद किसान हूं और किसानों की समस्या को बखूबी समझता हूं। मैंने पहले ही दिन कहा था कि मामले को अंजाम देने वाले किसान नहीं थे। उसी दिन रात को किसान नेता मुझसे मिले थे और उन्होंने इस पर अफसोस जताया था। ऑडियो क्लिप और रावलवास खुर्द की पंचायत के लेटरपैड का दुरुपयोग कर बहिष्कार जैसी बातों से स्पष्ट हो गया है कि यह एक सुनियोजित साजिश थी। जो लड़के आए थे, वहां उनके प्रति हमारे मन में कोई द्वेष नहीं है और पुलिस को भी हमने कहा था कि हम कोई कार्रवाई नहीं चाहते लेकिन वहां पुलिसकर्मी संदीप को चोट लगी थी और उसी ने पुलिस को शिकायत दी है। - रणबीर सिंह गंगवा, उपाध्यक्ष, हरियाणा विधानसभा एवं विधायक नलवा हलका।
ये हैं ऑडियो में बातचीत के अंश
- ऑडियो-1
- पहला - हेलो... चेयरमैन साहब! क्या हाल है।
- हमने तो ले लिया बदला, कर दिया काम आज तुम्हारे गंगवा का। ले लिया बदला।
- दूसरा - कहां पर?
- पहला - गाड़ी के शीशे तोड़ दिए। आर्य नगर से वो ईंट साथ में ही लेके गया है। कुरड़ी गांव में उसकी ससुराल में।
- दूसरा - किसने तोड़ा?
- पहला - सारे ही थे हलके के। इकट्ठे किए थे। ऐसे ही थोड़े ना घेरा जाता। तुम्हें बताया तो था नंबरदार की शादी में आया था, हमारे साथ झगड़ा करवा कै। अब....
- दूसरा - शीशे फॉर्च्यूनर के तोड़े क्या?
- पहला - पुलिस वाले थे फिर भी तोड़ दिए। मेरी आईडी पर लाइव देख लो
- दूसरा - किस नाम से है आईडी?
- पहला - मंजीत बिश्नोई, पुरानी तो मेरी हैक करवा दी आईडी। ये नई बनाई है।
- दूसरा - तू मेरी फ्रेंड लिस्ट में है क्या?
- पहला - रिक्वेस्ट मिलेगी आई हुई, देख लो।
- दूसरा - ठीक है।