सिविल लाइन पुलिस जमीन नाम कराने के नाम पर 64.50 लाख रुपये हड़पने के मामले में ढाणी श्यामलाल के इंद्र गुर्जर को जींद की जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाई है। पुलिस ने आरोपी को मंगलवार को कोर्ट में पेश किया। जहां से उसे एक दिन के रिमांड पर भेज दिया गया।
कोर्ट कांप्लेक्स चौकी इंचार्ज बालकिशन बैरागी और एएसआई दिनेश कुमार की टीम ने कोर्ट से आरोपी का दो दिन का रिमांड मांगते हुए कहा कि आरोपी की निशानदेही पर जयपुर से 32 लाख रुपये की नकदी बरामद करनी है। इस पर कोर्ट ने एक दिन का रिमांड मंजूर किया। इस बारे में जहाजपुल स्थित प्रताप नगर के कांशीराम गुर्जर ने पुलिस को शिकायत देकर इंद्र गुर्जर, ढाणी श्यामलाल के रमेश और ढाणी कुतुबपुर के रोहताश के खिलाफ जमीन नाम कराने के नाम पर 64 लाख 50 हजार रुपये हड़पने का आरोप लगाया था। पुलिस ने इस बारे में 6 दिसंबर को केस दर्ज किया था। पुलिस ने नई सब्जी मंडी के आढ़ती सुनील बजाज के अपहरण और फिरौती मांगने सहित कई मामलों में इंद्र को गिरफ्तार कर जींद की जेल में भेज दिया था। पुलिस आरोपी को जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाई है।
इंद्र बोला, 32 लाख रुपये आये थे हिस्से में
पुलिस के अनुसार पूछताछ में इंद्र ने स्वीकार किया है कि हड़पी गई राशि में से उसके हिस्से में 32 लाख रुपये आये थे। बाद में कांशीराम ने रुपये वापस मांगे तो हमने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। उसने यह नकदी जयपुर के वैशाली नगर में छुपा रखी है।
यह है मामला
प्रताप नगर के कांशीराम ने शिकायत में कहा था कि सन 2011 में इंद्र, रोहताश और रमेश उसके पास आये थे। उन्होंने उसको फतेहाबाद के गांव खैराती खेड़ा में जमीन बताई थी। उसने उनके साथ जमीन का सौदा कर अलग-अलग बार में कुल 64.50 लाख रुपये दे दिये थे। उन्होंने इकरारनामा कर रजिस्ट्री की तारीख 20 अप्रैल 2012 तय की थी। लेकिन उन्होंने तय समय पर जमीन की रजिस्ट्री नहीं कराई और न नकदी लौटाई। नकदी मांगने पर उल्टा उसे जान से मारने की धमकी मिली।