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सेक्टर 33 में चार पार्कों के निर्माण की डीएनआईटी पर एचएसवीपी मुख्यालय ने जताई आपत्ति, बोले-घास की बजाय पेड़ हो ज्यादा

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सेक्टर 33 में पार्क के छोड़ी गई जगह। - फोटो : Hisar
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हिसार। शहर के सेक्टर 33 में चार पार्कों के निर्माण की डीएनआईटी पर हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) मुख्यालय ने आपत्ति लगाई है। मुख्यालय का कहना है कि इन पार्कों में घास की बजाय पेड़ ज्यादा संख्या में लगाए जाएं। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि इस डीएनआईटी में सिर्फ चहारदीवारी, मिट्टी व गेट ही शामिल है। इस पर करीब 63 लाख रुपये खर्च आएगा। पार्क में हरियाली विकसित करने के लिए अलग से डीएनआईटी तैयार की जाएगी। बता दें कि अधिकारियों ने सेक्टर 33 में चार पार्कों के लिए निर्माण के लिए एस्टीमेट को मंजूरी मिली हुई थी। अब अधिकारियों ने डीएनआईटी तैयार मंजूरी के लिए मुख्यालय भेजी थी।
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इन पार्कों को किया जाना है विकसित -
फिलहाल सेक्टर के पार्क नंबर 2, 3, 4 व 6 को विकसित किया जाएगा। डीएनआईटी के अनुसार पार्क नंबर 2 की चहारदीवारी की लंबाई 444 मीटर, पार्क नंबर 3 की 360 मीटर, पार्क नंबर 4 की चहारदीवारी 352 मीटर व पार्क नंबर 6 की चहारदीवारी की लंबाई 384 मीटर है। इन सभी पार्कों में एक-एक मुख्य गेट का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा पार्क 2 में 7, पार्क 3 में 4, पार्क 4 में 4 व पार्क नंबर 6 में 4 टर्निंग गेट की व्यवस्था की जाएगी।
सेक्टर में 9 पार्कों का प्रावधान, एक भी विकसित नहीं -
वर्ष 2017 में सेक्टर 33 के प्लॉट का मालिकाना हक प्लॉट धारकों को दिया गया था। इस सेक्टर में 2200 प्लॉट हैं, जिनमें से अभी तक करीब 800 प्लॉट पर निर्माण कार्य हो चुका है। विभाग की तरफ से सेक्टर में 9 पार्कों का प्रावधान किया गया है, लेकिन आज तक एक भी पार्क को विकसित नहीं किया गया है। सेक्टर वासी काफी समय से इन पार्कों को विकसित करने की मांग कर रहे हैं।
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सेक्टर 14 पार्ट टू निवासी भी पार्क की सुविधा से वंचित -
उधर, सेक्टर 14 पार्ट टू में आज तक एक भी पार्क को विकसित नहीं किया गया है, जबकि सेक्टर में 6 पार्कों का प्रावधान है। हैरानी की बात यह है कि प्लॉट आवंटित करते समय जिन लोगों के प्लॉट पार्क फेसिंग थे, उनसे प्लॉट की 5 से 10 प्रतिशत अतिरिक्त कीमत वसूली गई। मगर सेक्टर वासी प्लॉट की ज्यादा कीमत चुकाकर भी पार्क की सुविधा से वंचित है। इस सेक्टर में करीब एक हजार प्लॉट हैं, जिनमें से करीब 400 प्लॉट पर निर्माण हो चुका है।
डीएनआईटी पर मुख्यालय ने कुछ आब्जेक्शन लगा दी हैं। इस बारे में उच्चाधिकारियों को अवगत करवाया जाएगा कि पार्क में हरियाली विकसित करने से अलग से डीएनआईटी तैयार की जाएगी। सेक्टर 14 पार्ट टू के पार्कों को डेवलप करने के लिए एस्टीमेट तैयार कर मंजूरी के लिए भेजा हुआ है।
- भूपेंद्र सिंह, एक्सईएन, एचएसवीपी।
सेक्टर में पार्कों को विकसित करने करने को लेकर सेक्टर वासी हर जगह गुहार लगा चुके हैं, लेकिन आज तक उनकी सुनवाई नहीं हुई। इन पार्कों के लिए सेक्टर वासी प्लॉट की ज्यादा कीमत भी दे चुके हैं।
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- प्रवीन सिंगल, संरक्षक, आरडब्ल्यूए सेक्टर 14 पार्ट टू।
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