हिसार। भ्रष्टाचार निरोधक दस्ता ने हिसार सहकारिता विभाग के असिस्टेंट रजिस्ट्रार संदीप खटकड़ को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ़्तार कर लिया है। उनके खाते में रुपये का लेनदेन पाया गया है। एसीबी की टीम ने वीरवार शाम को लघु सचिवालय स्थित सहकारी समितियां कार्यालय में पहुंचकर दस्तावेजों की जांच की। इसके बाद संदीप खटकड़ को गिरफ्तार कर लिया।
एसीबी की एक टीम वीरवार शाम को हिसार के लघु सचिवालय स्थित सहकारी समितियों के कार्यालय में पहुंची थी। टीम ने डिप्टी रजिस्ट्रार बंसीलाल से दस्तावेज मांगे। टीम करीब तीन घंटे तक रिकॉर्ड खंगालती रही, जिसमें काफी बिल भी लिए हैं। एसीबी की टीम ने सहकारी समिति के अधिकारियों को एक प्रति सौंपी। इसके बाद टीम एआर संदीप खटकड़ को अपने साथ लेकर चली गई। देर रात एसीबी ने संदीप खटकड़ की गिरफ्तारी की।
जानकारी के अनुसार वर्ष 2020-21 में संदीप खटकड़ हांसी में कार्यरत थे। इस दौरान उन्होंने यमुनानगर निवासी किसी फर्म के मालिक से रिश्वत ली थी, जिसको लेकर फर्म के संचालक ने 13 मई 2023 को गुरुग्राम में केस दर्ज कराया था। इस केस की जांच करते हुए गुरुग्राम एसीबी की टीम जांच अधिकारी प्रकाश के नेतृत्व में हिसार पहुंची थी। हिसार एसीबी को साथ लेकर आरोपी की गिरफ्तारी की।
अनिल विज ने दिए थे निलंबन के आदेश, स्टे आर्डर ले आए थे एआर...
13 जनवरी 2013 को हिसार में जनपरिवाद समिति की बैठक में शिकायत सुनते हुए गृहमंत्री अनिल विज ने इसी एआर संदीप खटकड को निलंबित करने के आदेश दिए थे। मंत्री के सामने हिसार स्कॉलर हाउस बिल्डिंग सोसायटी गंगवा में एक प्लॉट दो बार बेचने के मामले में धोखाधड़ी करने की शिकायत रखी थी। प्रेम सिंह, अजमेर, बलवंत सिंह ने शिकायत में बताया कि हिसार स्कॉलर हाउस बिल्डिंग सोसायटी गंगवा के खिलाफ 2017 में एफआईआर दर्ज कराई थी। सोसायटी की प्रधान कपिला ने धोखाधड़ी कर एक प्लॉट दो-दो लोगों को बेचा। मंत्री के तीन बार आदेश होने के बावजूद आज तक सोसायटी में प्रशासक नियुक्त नहीं किया गया। इस मामले में पुलिस अधिकारियों ने जवाब देते हुए कहा कि हमें सहकारी समितियों की ओर से पूरा रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं कराया गया। इस पर मंत्री एआर के जवाब से संतुष्ट हुए और उन्हें तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया था। इस निलंबन आदेश के खिलाफ संदीप खटकड़ अदालत से स्टे आर्डर ले आए थे।
एआर सुधीर अहलावत, मानता देवी, इंस्पेक्टर मनजीत को एसआईअी ने सिरसा से किया था गिरफ्तार
हिसार। करोड़ों का गबन करने वाली सहकारी समितियों की मदद करने वाले सहकारी समितियां के सहायक रजिस्ट्रार (एआर) सुधीर अहलावत, एआर मानता देवी, डीआर ऑफिस के इंस्पेक्टर मनजीत एसआईटी भी पिछले माह गिरफ्तार हो चुके हैं। एडवोकेट जगबीर सिंह ने हिसार शहर के रहने वाले आशीष सांखला और रोहतक के कपिल शर्मा ऑल एम्पलाइज कोऑपरेटिव सोसाइटी चलाते थे। उन्होंने सोसायटी में 17 लाख का एफडी के रूप में निवेश किया था। उन्होंने आशीष व कपिल शर्मा से पैसे वापस मांगे तो संचालकों ने इनकार कर दिया। जिसके बाद जगबीर सिंह ने हिसार के तात्कालिक सहायक रजिस्ट्रार सुधीर अहलावत को शिकायत की। जिसने कोई सुनवाई नहीं की। जगबीर सिंह ने डीआर अशोक कुमार को शिकायत की तो डीआर ने समिति संचालक आशीष सांखला व कपिल शर्मा की संपत्ति अटैच कर दी। एआर सुधीर अहलावत ने आरोपियों से मिलीभगत कर तथा अपने पद का दुरुपयोग कर अटैच की गई संपत्ति को रिलीज कर दिया। पीड़ित जगबीर सिंह ने सितंबर 2023 में एडीजीपी श्रीकांत जाधव को शिकायत दी। एडीजीपी ने एसआईटी का गठन किया था। जिसके बाद फिलहाल एआर सुधीर अहलावत महेंद्रगढ़, एआर मानता देवी फतेहाबाद और इंस्पेक्टर मनजीत सिंह हिसार डीआर ऑफिस के तैनात हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार आशीष सांखला व कपिल शर्मा ने करीब 700 से अधिक लोगों से 200 करोड़ से अधिक रुपये फ्रॉड कर ठगे हैं।