रूस और यूक्रेन के बीच शुरू हुए युद्ध के चलते यूक्रेन के ओडेसा शहर में हरियाणा के फतेहाबाद की दो छात्राएं फंसी हैं। ओडेसा में कई घातक हमले हुए हैं और धमाकों की आवाज से लोग डरे हुए हैं। वहां के हालात बयां करते हुए फतेहाबाद के गांव भूथनकलां गांव की छात्रा सुप्रिया और मोची चौबारा गांव की निशा ने कहा कि कब हमारे ऊपर बम गिर जाए, पता नहीं। दोनों छात्राएं यूक्रेन में मेडिकल की पढ़ाई के लिए गई हुई हैं।
रूस की तरफ से किए गए हमलों में कई धमाके दोनों छात्राओं के कैंपस के नजदीक हो चुके हैं। दोनों छात्राओं ने भारत सरकार से अपील की है कि उन्हें और उनके जैसे सभी बच्चों को जल्द से जल्द यूक्रेन से निकाला जाए। भारत सरकार रूस से बात करके बच्चों की सुरक्षा करे।
सुप्रिया और निशा ने बताया कि हम हरियाणा के फतेहाबाद से हैं और यहां यूक्रेन के ओडेसा शहर में नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में पढ़ती हैं। युद्ध के कारण हम यहां फंसे हुए हैं और हालात खराब हैं। पहले हमारी ऑनलाइन क्लासेस यूनिवर्सिटी ने कन्फर्म नहीं की थी इसलिए हमें यहां रुकना पड़ा। अब यूनिवर्सिटी ने ऑनलाइन क्लासेस कन्फर्म करके बोल दिया है कि आप अपना देख लो। हम यहां फंसे हैं और इस शहर में करीब एक हजार भारतीय बच्चे हैं। भारत सरकार हमें सुरक्षित यहां से निकाले क्योंकि हमले के कारण हम यहां एक फ्लैट में बंद हैं। छात्रा ने बताया कि यहां हमें सायरन बजने के साथ ही अलर्ट होने रहने के लिए कहा जा रहा है और कई बार सायरन बज चुका है। नजदीक क्षेत्र में धमाके हो रहे हैं और आसमान में हेलीकॉप्टर और एयरक्राफ्ट की आवाज गूंज रही है।