फतेहाबाद के जाखल खण्ड के गांव चांदपुरा में गुरुद्वारे पर कब्जे का आरोपों के बीच माहौल तनावपूर्ण हो गया। सोमवार को एसडीएम प्रतीक हुड्डा, डीएसपी शाकिर हुसैन के नेतृत्व में भारी पुलिस बल तैनात रहा। दरअसल, यह विवाद इसलिए बना है क्योंकि गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी व ग्रामीणों द्वारा वर्ष 2018 में सेवामुक्त कर दिए गए पाठी बाबा प्रदीप सिंह द्वारा दोबारा गांव में लौटने की पोस्ट डाली गई थी। इस संबंध में सरपंच व ग्रामीणों ने शनिवार को डीसी से मिलकर मामले से अवगत भी करवाया था। एसडीएम प्रतीक हुड्डा की मध्यस्थता से अब दोनों पक्षों की कमेटी बनाई गई है। इस कमेटी की संयुक्त बैठक अब 16 मार्च को होगी।
दो कंपनियों को किया तैनात
एसपी आस्था मोदी की ओर से पुलिस की दो कम्पनियों को गांव में तैनात किया गया है। फतेहाबाद के डीएसपी सुभाष चंद्र को भी चांदपुरा भेजा गया है। गांव के काफी संख्या में ग्रामीण भी गुरुद्वारा परिसर में ही मौजूद रहे। अमरीक सिंह व अन्य ग्रामीणों के अनुसार गांव के गुरूद्वारे में पहले पंजाब क्षेत्र के बाबा प्रदीप सिंह पाठी थे। मगर गुरुद्वारा कमेटी, साध संगत व ग्राम पंचायत की सहमति से 28 अक्टूबर 2018 को उन्हें सेवा मुक्त कर दिया था और उन पर गुरूघर का कैंटर व काफी सामान ले जाने का भी आरोप लगा था।
एसडीएम की मध्यस्थता से दोनों पक्षों की बनी कमेटी
उन्होंने बताया कि हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के जत्थेदार बलजीत सिंह दादूवाल गांव में 1 से 3 मार्च तक लगने वाले सालाना समागम में फिर बाबा प्रदीप सिंह की नियुक्ति की घोषणा कर गए। मगर ग्रामीण नहीं चाहते कि कोई बाहरी व्यक्ति गुरुद्वारे की व्यवस्था संभाले। आरोप है कि बाबा प्रदीप सिंह अब दोबारा गुरुद्वारा की व्यवस्था पर कब्जा करना चाहते हैं।