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Fatehabad News: बिना नोटिस खेतों में लगाए खंभे, भड़के किसान बोले-दोषियों पर दर्ज हो केस

Tue, 01 Jul 2025 12:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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एसडीएम डॉ. अश्वीर नैन से मुलाकात करते बिजली लाइन से प्रभावित किसान।
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तोशाम। सिवानी से सोनीपत तक बिछाई जा रही हाई टेंशन बिजली लाइन के चलते खेतों में बिना सूचना खंभे लगाए जाने से किसानों में भारी रोष है। प्रभावित किसानों ने किसान संगठनों के साथ मिलकर सोमवार को एसडीएम डॉ. अशवीर नैन से मुलाकात की और इस कार्रवाई पर कड़ा ऐतराज जताया। किसानों ने आरोप लगाया कि न तो उन्हें नोटिस दिया गया और न ही खेतों में प्रवेश से पहले किसी प्रकार की जानकारी दी गई। उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की।
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गांव डाडम, पिंजोखरा और बागनवाला के किसान एसडीएम कार्यालय पहुंचे और उचित मुआवजा दिए जाने की मांग रखी। किसानों ने कहा कि जब तक उन्हें मार्केट रेट पर मुआवजा नहीं दिया जाता और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।
भारतीय किसान यूनियन युवा विंग के प्रदेश अध्यक्ष रवि आजाद ने बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा के नेतृत्व में किसानों ने एसडीएम से बैठक की और बिजली निगम की मौजूदा मुआवजा नीति में सुधार की मांग रखी। उन्होंने मुख्यमंत्री और बिजली निगम के एसीएस से बैठक करवाने की भी मांग की। रवि आजाद ने यह भी कहा कि खेतों में जबरन घुसकर फसलें उजाड़ने वाले अधिकारियों और पावर ग्रिड के ठेकेदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होना चाहिए। इस मुद्दे को लेकर किसान संगठनों ने थाना प्रभारी से भी मिलकर शिकायत दर्ज करवाई है।
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किसान नेता मास्टर जगरोशन, कर्ण सिंह जैनावास और कामरेड रोहताश सैनी ने साफ कहा कि किसानों के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। खेतों में खड़ी फसलें उजाड़ी गई हैं, जिनका मुआवजा देना सरकार की जिम्मेदारी है।
इस मामले पर एसडीएम डॉ. अशवीर सिंह नैन ने कहा कि बिजली के खंभे लगने वाले क्षेत्र के किसानों को तय हिदायतों के अनुसार उचित मुआवजा दिया जाएगा। इसमें टावर के एरिया के अलावा उससे सटे एक मीटर क्षेत्र, बिजली लाइन के नीचे की जमीन और तीन फसलों के नुकसान की भरपाई का भी प्रावधान है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसानों के साथ किसी प्रकार का भेदभाव नहीं किया जाएगा।
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