फतेहाबाद। स्वास्थ्य विभाग ने आखिरकार जिले में दवाई ले रहे एचआईवी संक्रमितों की पेंशन (सहायता राशि) जारी कर दी है। विभाग ने ये भी स्पष्ट कर दिया है कि अगर रेगुलर दवाई नहीं ली गई तो पेंशन बंद हो जाएगी। लिंक एआरटी सेंटर से एआरटी सेंटर में संक्रमित के दवाई लेना का रिकॉर्ड भेजा जाएगा। इसके बाद संक्रमित को पेंशन जारी होगी।
सरकार ने एचआईवी संक्रमितों के लिए पेंशन की घोषणा वर्ष 2021 में की थी। लेकिन ये राशि एचआईवी संक्रमितों को तब से जारी की गई जब उन्होंने विभाग के पास दस्तावेज जमा करवाए हैं। विभाग की तरफ से 2250 रुपये प्रति माह के हिसाब से पेंशन जारी की जा रही है। बता दें कि जिला मुख्यालय में 431 संक्रमित दवाई ले रहे हैं। इसमें अलग-अलग जिलों के एचआईवी संक्रमित भी शामिल हैं। विभाग के अधिकारियों की माने तो 431 में से 240 संक्रमित शर्तों को पूरा कर रहे हैं। इनके दस्तावेज विभाग को भेजे गए थे। विभाग की शर्त थी कि संक्रमित रेगुलर दवाई ले रहा है। हरियाणा का निवासी है और उसकी आय दो लाख से कम है।
पिछले नौ सालों में ये आए एचआईवी के मामले
वर्ष संक्रमित पुरुष महिला मौत
2015-16 75 46 29 1
2016-17 66 42 24 5
2017-18 73 55 18 3
2018-19 126 94 32 6
2019-20 120 87 33 6
2020-21 77 53 24 1
2021-22 174 139 85 0
2022-23 195 161 34 2
2023-24 147 131 16 3
कोट
जिन एचआईवी संक्रमितों के दस्तावेज भेजे गए थे, उन्हें पेंशन (सहायता राशि) मिलनी शुरू हो गई है। जो संक्रमित रेगुलर दवाई लेगा उसे ये राशि सरकार की तरफ से दी जाएगी। यहां से रिकॉर्ड हर माह स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय को भेजा जाएगा।
- डॉ. गिरीश, मनोचिकित्सक एवं नोडल अधिकारी नशा मुक्ति केंद्र