नगर परिषद हाउस की बैठक 10 माह से नहीं, पार्षदों के भी बने गुट, 34 करोड़ के कामों पर फिर फंसेगा पेंच
फतेहाबाद। नगर परिषद का नया हाउस चुने गए दो साल से ज्यादा का समय हो चुका है। लेकिन खींचतान के चलते शहर में कोई बड़ा प्रोजेक्ट नगर परिषद नहीं लगा पाया है और न ही कोई सुंदरीकरण का काम हुआ है। हालात ये है कि 10 माह से नगर परिषद मेंं हाउस की बैठक ही नहीं हुई है। जुलाई माह में नगर परिषद द्वारा 34 करोड़ के प्रस्ताव तैयार किए गए लेकिन प्रधान राजेंद्र सिंह खिंची और उपप्रधान सविता टुटेजा के बीच रही खींचतान के चलते सिरे नहीं चढ़ पाए।
अब एक बार फिर से प्रोजेक्ट सिरे चढ़ने की उम्मीद कम है। पार्षदों के राजनीति को लेकर भी दो गुट बन चुके हैं। विधानसभा चुनाव में करीब 13 पार्षदों ने खुलकर कांग्रेस को समर्थन किया। ये ही नहीं कुछ पार्षदों ने चुप्पी साधे रखी तो कुछ पार्षद उपप्रधान सविता टुटेजा के साथ रहते हुए भाजपा को समर्थन किया। हालांकि बताया जा रहा है कि विधानसभा चुनाव में भाजपा सरकार बनने के चलते अब कुछ पार्षद जो कांग्रेस में गए थे वे वापसी की तैयारी में है।
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34 करोड़ के प्रस्ताव तैयार हुए, उपप्रधान ने लगाई थीं आपत्तियां
नगर परिषद की तरफ से जुलाई माह में शहर में विकास कार्य करवाने के लिए प्रस्ताव तैयार किए। करीब 100 कामों के 34 करोड़ के प्रस्ताव तैयार हुए। इसमें चौकों के निर्माण और सुंदरीकरण के प्रस्ताव भी थे, इसको लेकर उपप्रधान सविता टुटेजा ने आपत्ति लगाई और सहमति नहीं दी थी। करीब 9 प्रस्ताव ऐसे थे, जिसे पर उपप्रधान सहमत नहीं हुई थी। इसके चलते शहर में वेलकम गेट, नए बस स्टैंड तक स्ट्रीट लाइटें, डस्टबिन खरीद, कम्युनिटी सेंटर निर्माण, मॉडल टाउन में सड़क पर मास्टिक की लेयर, मिनी बाईपास पर साइकिल ट्रैक, चिल्ली झील सुंदरीकरण, वार्डों में सूचनात्मक बोर्ड, थाना रोड पर फुटपाथ निर्माण, पपीहा पार्क सुंदरीकरण आदि प्रोजेक्ट के टेंडर भी नहीं लग पाए और विधानसभा चुनावों को लेकर आचार संहिता लग गई थी।
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पार्षद यूनियन ने भी साधी चुप्पी
पार्षद यूनियन ने भी चुप्पी साध रखी है। विधानसभा चुनावों से पहले प्रधान-उपप्रधान की खींचतान के चलते प्रोजेक्ट सिरे न चढ़ने पर पार्षदों ने एकजुट होकर यूनियन का गठन किया। जिसमें प्रधान अनिल गर्ग को चुना गया। कुछ दिन यूनियन एक्टिव रही लेकिन विधानसभा चुनाव में कुछ पार्षदों द्वारा कांग्रेस पार्टी को समर्थन करने के बाद यूनियन भी सक्रिय नहीं है।
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उपप्रधान कार्यालय में पहुंची, हुई सक्रिय
विधानसभा चुनाव की घोषणा के साथ ही नगर परिषद में प्रधान और उपप्रधान कार्यालय में सन्नाटा पसर गया था। हालांकि चुनाव खत्म होने के बाद उपप्रधान सविता टुटेजा एक्टिव हो गई है और सोमवार को कार्यालय में पहुंची लेकिन प्रधान के कार्यालय में सन्नाटा छाया रहा।
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विधानसभा चुनाव से पहले प्रधान और अधिकारियों के साथ मीटिंग हुई थी। इसमें कहा गया था कि प्रत्येक वार्ड में रिपेयरिंग के काम करवाए जाएंग लेकिन नहीं करवाए गए है। हाउस की बैठक को लेकर जल्द प्रधान को पत्र लिखा जाएगा। अधिकारियों से मांग है कि त्योहार का समय है और खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को ठीक करवाया जाए।
- मोहन लाल नारंग, पार्षद।
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हाउस की बैठक लंबे समय से नहीं हुई है। विकास कार्य अटके हुए हैं। बैठक को लेकर प्रधान से मिला जाएगा।
- अनिल गर्ग, प्रधान, पार्षद एसोसिएशन
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ये बात सही है कि नगर परिषद हाउस की बैठक लंबे समय से नहीं हुई है। सरकार का 17 को शपथ ग्रहण कार्यक्रम हो जाए, इसके बाद बैठक बुलाने को लेकर प्रयास किए जाएंगे।
- सविता टुटेजा, उपप्रधान, नगर परिषद।
शहर में विकास कार्यों की कमी नहीं रहने दी जाएगी। जल्द ही कामों को लेकर टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। हाउस की बैठक भी जल्द बुलाई जाएगी और विकास कार्यों पर चर्चा की जाएगी।
- राजेंद्र सिंह खिंची, प्रधान, नगर परिषद