रतिया। रतिया मार्केट कमेटी कार्यालय में कार्यरत ऑक्शन रिकॉर्डर अमित कुमार ने बुधवार देर रात्रि अपने किराये के मकान में सल्फास की गोलियां खाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मृतक के पिता के बयानों पर मृतक की पत्नी, सास, ससुर व साले के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।
पुलिस को दी शिकायत में रोहतक जिले के गांव मदीना निवासी सुरेंद्र कुमार ने बताया कि उनका बेटा अमित कुमार रतिया मार्केट कमेटी में ऑक्शन रिकॉर्डर के तौर पर कार्यरत था। उसकी शादी 2011 में रोहतक की जेपी कॉलोनी निवासी मीना रानी के साथ हुई थी। दोनों के दो बच्चे भी हैं। उन्होंने शिकायत में बताया कि शादी से कुछ दिन बाद ही उसके बेटे अमित कुमार की अपनी पत्नी मीना के साथ अनबन रहने लगी थी। इस कारण मीना दोनों बच्चों को लेकर सात साल पहले अपने मायके चली गई थी और वापस घर नहीं आई। साथ ही उसकी पुत्रवधू मीना ने उसके बेटे अमित व उनके खिलाफ महम थाना में दहेज का केस दर्ज करवा दिया था। साथ ही घर खर्च की मांग करते हुए भी केस डाल रखा था। जिस कारण अमित दिमागी तौर पर परेशान रहने लगा था।
इसके बाद भी उसकी पत्नी मीना, ससुर बलवान, सास बाला व साला समुद्र सभी मिलकर अमित को परेशान कर रहे थे। इन्हीं लोगों के कारण उसके बेटे अमित ने देर रात सल्फास की गोली खा ली। मकान मालिक ने उसे सूचना दी तो उसे रतिया के नागरिक अस्पताल में दाखिल करवाया गया। जहां डॉक्टर ने उसे अग्रोहा रेफर कर दिया। अग्रोहा पहुंचने पर डॉक्टरों ने अमित को मृत घोषित कर दिया।
शहर थाना प्रभारी जयसिंह ने बताया कि अमित के पिता के बयानों पर मृतक के ससुरालजनों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।