हरियाणा अर्बन डेवलेपमेंट अथॉरिटी (हुडा) के आरक्षित कोटे में शामिल प्लाटों को फर्जी दस्तावेज तैयार कर बेचने के मामले में कुरुक्षेत्र पुलिस ने कुरुक्षेत्र सहित विभिन्न जिलों के 47 के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया।
थाना सदर थानेसर पीपली पुलिस ने थानेसर के एसडीएम एवं हुडा के एस्टेट आफिसर अशोक बांसल की शिकायत पर यह कार्रवाई की है।
बांसल के अनुसार हुडा में अलग-अलग श्रेणी के आरक्षित प्लाटों के लिए आवेदन उन लोगों ने भी किया था, जोकि रिजर्व श्रेणी का लाभ पहले भी ले चुके थे।
उन्होंने बताया कि कई लोगों ने एक बार प्लाट लेकर उसे बेच दिया और उसके बाद दोबारा आवेदन कर प्लॉट हासिल कर लिए। बांसल के मुताबिक ऐेसे लोगों के खिलाफ हाईकोर्ट के निर्देशानुसार कार्रवाई की गई है।
कुरुक्षेत्र से इन पर हुआ मामला दर्ज
इस मामले में ओमप्रकाश वासी अर्बन एस्टेट कुरुक्षेत्र, जगननाथ निवासी धंतौडी (कुरुक्षेत्र),आरएमपी सिंह वासी सेक्टर-13 कुरुक्षेत्र, अनिल कुमार वासी ज्योतिनगर (कुरुक्षेत्र), दलबीर सिंह वासी रतगल (कुरुक्षेत्र), कर्ण सिंह वासी उमरी(कुरुक्षेत्र), कृष्ण चंद्र वासी गोशाला बाजार थानेसर (कुरुक्षेत्र), रमेश कुमार वासी सेक्टर-7 कुरुक्षेत्र, राजीव कुमार वासी सेक्टर-7 कुरुक्षेत्र, सूबे सिंह वासी सेक्टर-7 कुरुक्षेत्र और हरभजन कौर वासी पीपली (कुरुक्षेत्र) पर मामला दर्ज किया गया है। हरियाणा सरकार की नीति के अनुसार एक रिजर्व कोटे के प्लाट हासिल करने के लिए फर्जी दस्तावेजों से एक से ज्यादा प्लाटों के लिए आवेदन भरने एवं हुडा में प्लाटों के अलाट होने के बाद इन्हें बेचने का आरोप है।