जब निजी विद्यालयों के बच्चे अपनी पूरी यूनिफार्म पहनकर स्कूल जा रहे हैं तो सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी अपने ड्रेस कोड में सुधार करते हुए इस आदत को अपनाएं। उन्हें भी अच्छी तरह नहा-धोकर, साफ-सुथरे चेहरों के साथ पूरी यूनिफार्म पहनकर स्कूल में आना चाहिए, जिससे कि अनुशासन की भावना बच्चों में जागृत हो। सरकारी स्कूलों के प्राचार्य, मुख्याध्यापक और अभिभावकों की बैठक लेते हुए जिला शिक्षा अधिकारी जयप्रकाश सभ्रवाल ने यह बात कही।
15 अक्तूबर तक चलेगा जागरूकता अभियान
जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा है कि सभी अधिकारियों को यह कहा गया है कि 15 अक्तूबर तक अभिभावकों और विद्यार्थियों को फूल ड्रेस में आने के लिए जागरूक किया जाए। सरकारी स्कूलों का भी एक सुंदर डेकोरम बनना चाहिए। अब हर राजकीय विद्यालय में पढ़ाई की गुणवत्ता में काफी सकारात्मक सुधार किए गए हैं।