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Charkhi Dadri News: 7 साल में 899 मामलों में पुलिस ने दोषियों को दिलाई सजा

Mon, 25 Dec 2023 10:28 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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चरखी दादरी। दादरी के जिला बनने से लेकर अब तक विभिन्न किस्म के 899 आपराधिक मामलों में दोषियों को कोर्ट ने सजा सुनाई है। 7 साल में सुनाई गई सजा के कुछ मामले ऐसे भी हैं जिनमें पुलिस ने पहले जांच और फिर पैरवी सही ढंग से की। इसके परिणामस्वरूप दोषियों को कोर्ट से कड़ी सजा मिल पाई। वर्ष 2017 में सर्वाधिक 159 मामलों में सजा सुनाई गई जबकि वर्ष 2023 में ये आंकड़ा 89 ही रहा।
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ओवरऑल आंकड़ों की बात करें तो जुआ अधिनियम के 364 मामलों में सजा हुई है और ये सर्वाधिक संख्या है। इसके बाद आबकारी अधिनियम के 255 मामलों में सजा सुनाई गई है। जघन्य अपराधों की बात करें तो हत्या के 18 मामलों में दोषियों को कोर्ट ने सलाखों के पीछे भेजा है। वहीं, हत्या के प्रयास के 6 मामलों में संलिप्त दोषियों को भी कोर्ट की ओर से सजा दी गई है।
गत 8 वर्ष में सुनाई गई सजा के आंकड़े देखें तो हर साल करीब 112 मामलों में दोषियों को सजा हुई है। वर्ष 2017 में 159 मामलों में, वर्ष 2018 में 128 मामलों में, वर्ष 2019 में 124 मामलों में, वर्ष 2020 में 103 मामलों में, वर्ष 2021 में 155 मामलों में, वर्ष 2022 में 141 मामलों में और वर्ष 2023 में 89 मामलों में सजा सुनाई गई है। संवाद
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जानिये...किस धारा के तहत दर्ज हुए कितने मामलों में सुनाई गई सजा
अपराध - कितने मामलों में सजा
हत्या-18
हत्या का प्रयास-6
जुआ अधिनियम-364
आबकारी अधिनियम- 255
एनडीपीएस- 12
चोरी-15
आर्म्स एक्ट- 13
पोक्सो एक्ट - 8
पीओ- 63
धारा 160-34
धारा 188- 21
विस्फोटक अधिनियम- 11

- साल दर साल ये रही दर्ज एफआईआर में सजा की स्थिति
साल - इन एफआईआर में हुई सजा
2017- एफआईआर नंबर 1 से 159
2018- एफआईआर नंबर 162 से 315
2019- एफआईआर नंबर- 319 से 443
2020- एफआईआर नंबर 446 से 549
2021- एफआईआर नंबर 552 से 707
2022- एफआईआर नंबर 710 से 851
2023- एफआईआर नंबर 854 से 943

- एनडीपीएस और सबूत खुर्द-बुर्द करने के मामलों में कोर्ट ने दी टिप्पणी
एक एनडीपीएस के मामले में कोर्ट ने दोषी को कड़ी सजा सुनाई। कारावास के साथ दोषी पर जुर्माना भी लगाया गया। न्यायाधीश ने अपनी टिप्पणी में नशे के कारोबार को समाज खासकर युवाओं के लिए घातक बताया और दोषी की सजा में कोई नरमी नहीं बरती। इसी प्रकार हत्या के मामले में सबूत खुर्द-बुर्द करने के मामले में भी कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए इसे गंभीर अपराध बताया।

- हर साल दर्ज होते हैं 1200 से अधिक मामले
चरखी दादरी जिले में सात थाने हैं। इन थानों में हर साल 1200 से अधिक केस दर्ज होते हैं। औसतन दादरी जिले में प्रतिदिन चार से पांच एफआईआर दर्ज होती हैं। सर्वाधिक मामले दादरी सदर और बाढड़ा थाना में दर्ज होते हैं। इसके बाद सिटी थाना का नंबर आता है। पिछले आठ साल में जिले में 10 हजार से ज्यादा एफआईआर दर्ज हुई हैं।
- जिले में ये है थाना-चौकी
जिले में सात पुलिस थाने हैं जिनमें दादरी सदर, दादरी सिटी, महिला थाना, बाढड़ा, बौंदकलां व झोझूकलां थाना शामिल है। इसके अलावा अचीना ताल, इमलोटा, सिविल अस्पताल, बस स्टैंड, आदमपुर, अटेला में पुलिस चौकी स्थापित की गई है।


पुलिस आपराधिक मामलों में त्वरित कार्रवाई करती है। प्रयास रहता है कि ज्यादा से ज्यादा सबूत इक्ट्ठे कर दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए। सभी अनुसंधानकर्ताओं को इस संबंध में समय-समय पर निर्देश दिए जाते हैं और अनुसंधान की जांच में आ रही समस्याओं को विशेषज्ञों की मदद से दूर करवाया जाता है।
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नितिका गहलोत, एसपी, चरखी दादरी
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