चरखी दादरी। शहर निवासी एक मां-बेटा ने बैंक से 49.79 लाख रुपये का लोन लेने के बाद अपनी उसी दुकान को 1.09 करोड़ रुपये में किसी और व्यक्ति को बेचने का सौदा कर लिया। इतना ही नहीं उन्होंने 27 लाख रुपये बयाना भी ले लिया और इसके बाद लोन का हवाला देकर दुकान बेचने से इन्कार कर दिया। वहीं 27 लाख रुपये एडवांस देने वाले शख्स ने इस पर कोर्ट का सहारा लिया। अब पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर दोनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया।
कोर्ट में याचिका दायर कर शहर निवासी कुलभूषण ने बताया कि रोहतक रोड निवासी एक मां-बेटा से उनकी दुकान 1.09 करोड़ रुपये में खरीदने का उससे सौदा किया था। यह सौदा 27 जून 2022 को हुआ था और उसी दिन उसने महिला को उसके बेटे की मौजूदगी में 27 लाख रुपये दे दिए थे। बाकी बची 82 लाख की राशि रजिस्ट्री के बाद देनी थी, लेकिन वे दोनों उससे पहले ही मुकर गए। कुलभूषण के अनुसार उक्त महिला तय समय पर रजिस्ट्री करवाने नहीं आई।
इसके बाद उनकी ओर से किए गए दावे का जवाब महिला ने कोर्ट में दिया। जवाब में उसने बताया कि उनकी संपत्ति पर 49.79 लाख रुपये का लोन है और इसके चलते वो दुकान नहीं बेच सकते। कुलभूषण के अनुसार एडवांस लेते समय उन्होंने उसे लोन की बात तक नहीं बताई और जालसाजी कर 27 लाख रुपये ऐंठ लिए। अब एसीजेएम रामअवतार पारीक की कोर्ट ने सिटी थाना प्रभारी को मां-बेटे के खिलाफ मामला दर्ज करने का आदेश दिया है। जिसके आधार पर पुलिस ने धारा 406, 420 व 34 के तहत आरोपी मां-बेटे पर केस दर्ज कर लिया है।
- रुपये लेने से एक माह पहले ही लिया था लोन
याची के दावा करने के बाद महिला की ओर से कोर्ट में जवाब प्रस्तुत किया गया। इसमें संपत्ति पर लिए गए लोन की जानकारी दी गई। वहीं, याची ने बताया कि जब उन्होंने इसे देखा तो पता चला कि उनसे सौदा करने से एक माह पहले ही बैंक से लोन लिया गया था। लोन एक बैंक की रोहतक ब्रांच से लिया गया है।
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इस संबंध में मां-बेटे के खिलाफ 406, 420 व 34 आईपीसी के तहत केस दर्ज कर लिया है। जल्द ही आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
-राजकुमार, एसएचओ, सिटी थाना