बहल। प्रदेश के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री जेपी दलाल ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने सदियों पहले मानव जीवन के लिए जो संदेश दिया था, वो आज भी प्रासंगिक है। उन्होंने मानव जाति को परंपराओं और मर्यादाओं से मुक्त होकर जीवन जीने के लिए कर्म को प्रधानता दी थी। कर्म को ही धर्म बताते हुए उन्होंने कहा था कि मानव को सफल जीवन के लिए बिना फल की आशा के कर्म करना चाहिए। जब हम उनकी शिक्षाओं को अपने जीवन में आत्मसात करेंगे तभी उनकी सफल भक्ति हो सकेगी।
वे सोमवार को कस्बे के प्रजापिता ब्रह्माकुमारी आश्रम में आयोजित जन्माष्टमी पर्व कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने श्रीमद्भगवत गीता के माध्यम से मानव को जीने का सही राह दिखाई थी। श्री कृष्ण कुशल रणनीतिकार, राजनीतिज्ञ, कूटनीतिज्ञ थे। वे न्याय करने में पारदर्शी थे। उनका पूरा जीवन आज व भविष्य के लिए बेहद प्रेरणादायी है। उनके उपदेश हमें कर्म और ज्ञान का पथ दिखाते हैं। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म का कोई मुकाबला नहीं है। सनातन धर्म से ही अलग अलग धर्म बने हैं। सनातन धर्म ही वास्तव में जीवन में संस्कारवान मूल्यों का संवाहक है। इससे पहले कृषि मंत्री का बीके शकुंतला द्वारा स्वागत किया गया।
कृषि मंत्री ने जन्माष्टमी पर्व की बधाई देते हुए केट काटा व बाल कलाकार के रूप में बने श्रीकृष्ण को केक खिलाया। इस अवसर पर केन्द्र संचालिका बीके शकुंतला द्वारा लिखी गई पुस्तक का विमोचन किया। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य रविन्द्र मंढोली, सरपंच गजानंद अग्रवाल, चेयरमैन सुशील केडिया, विधानसभा संयोजक सुनील सिरसी, डॉ. विरेन्द्र श्योराण, विरेन्द्र लांबा, जेपी दूबे, सतबीर चैहड़, शैली मंढोली, अजय बिधनोई, गजेंद्र मंढोली, कर्मवीर चैहड़, राजेश पातवान, मंजीत पातवान, रितेश बहल के अलावा बीके पूनम, बीके अशोक सहित अनेक बीके भाई, बहन मौजूद रहे।