भिवानी। जिलेभर में होली का पर्व धूमधाम से उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। महिलाओं ने व्रत रखकर होली पूजन किया व संतान की दीर्घायु की कामना की। महिलाओं ने दिन में होलिका की पूजन किया तो रात को शुभ मुहूर्त में दहन किया गया।
बच्चों और महिलाओं में विशेष उत्साह दिखा। जगह-जगह लगे मेले में जमकर खरीदारी भी की। वहीं बच्चों ने रंग-गुलाल से होली खेली।
महिलाओं ने खेतों तैयार नई फसल गेहूं, चने, जौ का भोग लगाया और अच्छी फसल की कामना की। गोब से बने ढाल-बिड़कुले और नाल से भी प्राचीन परंपराओं अनुसार पूजन किया गया। शहरभर में 41 जगहों पर होलिका पूजन किया गया और शाम को दहन हुआ।
प्रह्लाद की तरह उनके बच्चों की भी रक्षा करेंगे भगवान
पूजन करने पहुंची महिलाओं उषा, लक्ष्मी, पूजा, स्वीटी, राधा, कमलेश, नीतू, बिमला आदि ने कहा कि जिस तरह भक्त प्रह्लाद की रक्षा भगवान ने की, उसी तरह उनके बच्चों की रक्षा भी भगवान करेंगे। इसी कामना से होलिका पूजन किया गया है और व्रत रखा है। होली की विधिवत पूजा के साथ नाल के धागे को रक्षा सूत्र के रूप में भी होलिका पर बांधा जाता है। कामना करते हैं कि भगवान किसानों के अन्न भंडार को भरा रखें और देश में अमन शांति बनी रहे।
यहां-यहां हुआ पूजन
शहर के नेहरू पार्क, खाकी बाबा मंदिर के पास, नया बाजार में भोजावाली माता मंदिर से आगे, कृष्णा कॉलोनी, हाउसिंग बोर्ड, सेक्टर 13, बैंक कॉलोनी, विकास नगर, हनुमान ढाणी, दादरी गेट, कन्हीराम अस्पताल के पास, विद्या नगर, बीटीएम चौक के पास, जागृति कॉलोनी आदि क्षेत्रों में होलिका पूजन हुआ और मेले लगे।
युवाओं और बच्चों ने खूब उड़ाया रंग-गुलाल
दुल्हेंडी से एक दिन पूर्व होली पर भी खूब रंग-गुलाल उड़ा। स्कूलों की छुट्टी पर बच्चों, कॉलेज विद्यार्थी एक-दूसरे पर रंग-गुलाल लगाते देखे गए तो शाम को विभिन्न कार्यालयों, कंपनियों के कर्मचारी एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं देते नजर आए। देर शाम तक बधाइयों का सिलसिला चलता रहा। सोशल मीडिया पर भी लोगों ने एक-दूसरे को खूब संदेश भेजकर होली की शुभकामनाएं दीं।
रंग में भंग डाल सकते है केमिकल रंग
रंगों का त्योहार होली अपने जोश है और शुक्रवार को बच्चों, युवाओं सबके चेहरों पर फाग के खुमार में होंगे। मगर होली के रंग में केमिकल रंग भंग डाल सकते हैं। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है। बाजार में केमिकल युक्त रंगों की भरमार है। जो शरीर खासकर आंखों और स्किन को काफी नुकसान पहुंचा सकते हैं। बाजारों में सड़क किनारे बिक रहे सस्ते केमिकल युक्त रंगों में तो पीसे हुए कांच का भी प्रयोग किया जा रहा है। रंगों के त्योहार में भंग न पड़े, इसके लिए सावधानी जरूरी है। सामान्य अस्पताल से सीनियर फिजिशियन डॉ. यतिन गुप्ता ने भी इसके लिए जरूरी सलाह दी है। साथ ही सावधानी से होली खेलने का संदेश दिया है।
रंगों से ऐसे करें बचाव
- रंग खेलने से पहले बालों में नारियल या सरसों का तेल लगा लें।
- रंग खेलने से पहले शरीर पर तेल लगा लें। इसके अलावा कान, नाक, आंख के आंसपास वैसलीन लगाएं।
- रंग छुड़ाने के लिए ठंडे पानी का प्रयोग करें। घर में बना बेसन के पेस्ट का प्रयोग सबसे बेहतर है।
ये रखें सावधानी :
- प्राकृतिक रंगों यानी नेचुरल कलर्स का इस्तेमाल करें।
- पूरी बांह यानी फुल स्लीव्स के कपड़े पहनें
- ज्यादा गहरे रंगों के इस्तेमाल से बचें।
- होली खेलने के बाद या दौरान अगर त्वचा में जलन हो, आंखों में धुंधलापन या खुजली हो या फिर सांस लेने में दिक्कत हो तो डॉक्टर से सलाह लें।
- बहुत देर तक पानी में न रहें। बच्चों का ध्यान इस मामले में ज्यादा रखें।
खाकी मंदिर के पास होलिका का पूजन करती महिलाएं। संवाद- फोटो : Bhiwani