संवाद न्यूज एजेंसी
भिवानी। सर्द रातों में खुले आसमान के नीचे फर्श या फिर फुटपाथ पर रात बिताने को मजबूर लोगों की भिवानी एसडीएम महेश कुमार ने सुध ली। एसडीएम खुद उनका दर्द जानने के लिए सड़क पर उतरे और फुटपाथ पर पसरे लोगों से बातचीत कर उनकी रात सुरक्षित तरीके से बिताने का प्रबंध रैन बसेरे में कराया।
एसडीएम ने नगर परिषद में बनाए गए रैन बसेरे की व्यवस्थाओं को भी जांचा और यहां आने जाने वालों का रिकॉर्ड रखने की भी सख्त हिदायतें दी। नप कर्मचारियों ने एसडीएम महेश कुमार को रैन बसेरे में की गई व्यवस्थाओं से भी अवगत कराया। एसडीएम रेलवे स्टेशन पर भी पहुंचे जहां लोगों के बारे में रेलवे अधिकारियों को भी निर्देश दिए। बता दें कि वीरवार को अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया था। एसडीएम महेश कुमार ने अमर उजाला की खबर पर कड़ा संज्ञान लेते हुए शहर की सड़कों पर उतरकर फुटपाथ पर रात बिताने वालों का हालचाल जाना।
एसडीएम ने ठिठुरती ठंड में सिर्फ एक कंबल के सहारे फर्श पर रात बिताने वालों से बातचीत की और उन्हें नजदीकी रैन बसेरे में पहुंचाने की हिदायतें दी। कोरोना की तीसरी लहर में सबसे अधिक परेशानी बेसहारा लोगों की बढ़ गई है, क्योंकि इन्हें संक्रमण की वजह से कोई भी अपने आसपास नहीं फटकने दे रहा है। ऐसे में रैन बसेरे में भी इनके प्रवेश पर पाबंदी है। क्योंकि अधिकतर लोग रैन बसेरे में ठहरने के दौरान ही शराब के नशे में एक दूसरे से लड़ाई झगड़ा करने और गंदगी फैलाने के लिए बदनाम हैं। रैन बसेरों पर ड्यूटी दे रहे कर्मचारी भी इन्हें यहां बिस्तर देने से कतरा रहे हैं, क्योंकि ये जिस बिस्तर का इस्तेमाल करते हैं, फिर उसे किसी दूसरे के इस्तेमाल लायक भी नहीं छोड़ रहे हैं।
रैन बसेरों में सभी के लिए होंगे पुख्ता प्रबंध
एसडीएम महेश कुमार ने औचक निरीक्षण के उपरांत बताया कि रैन बसेरों में सभी के लिए पुख्ता प्रबंध हैं। इसके लिए कर्मचारियों को जरूरी दिशा निर्देश दिए गए हैं। रैन बसेरों में मेडिकल चेकअप की भी व्यवस्था कराई जाएगी, इसके लिए रेडक्रॉस से भी बात करेंगे। ठंड से बचाव के लिए रैन बसेरों में उचित इंतजाम होंगे, इसके लिए भी निर्देश दिए गए हैं। साफ सफाई पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
25 लोगों के ठहरने की व्यवस्था, चार रूम हीटर लगाए
प्रशासन के निर्देश पर बवानीखेड़ा नगर पालिका ने पशु अस्पताल के सामने रैन बसेरा बनाया हुआ है। वहां पर 25 लोगों के ठहरने की व्यवस्था की गई है और ठंड से बचाने के लिए चार रूम हीटर भी लगाए गए हैं। इसके अलावा यहां रुकने वाले लोगों के लिए चाय, नाश्ते और खाने की व्यवस्था भी की गई है। नपा सचिव राजाराम ने बताया कि बवानीखेड़ा में अगर किसी के पास भी रात में रुकने की व्यवस्था नहीं है तो वे रैन बसेरे में पहुंचे। वहां सभी प्रकार की सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। यहां दो कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।