कृषि मंत्री के गांव घुसकानी में करीब एक करोड़ की लागत से महज 15 दिन पहले बनी में सड़क एक बारिश भी नहीं झेल पाई और सड़क की रोड़ियां बिखरने लगी। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। ग्रामीणों ने विभाग से निर्माण सामग्री की जांच कराने और सड़क को दोबारा बनवाने की मांग की है।
बता दें कि गांव मिताथल से घुसकानी होते हुए तिगड़ाना तक लगभग चार किलोमीटर की सड़क नेशनल हाईवे भिवानी द्वारा बनवाई गई है। इस सड़क के निर्माण पर एक करोड़ से ज्यादा का बजट खर्च किया गया है। घुसकानी से तिगड़ाना के बीच 15 दिन पहले सड़क का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। मगर हैरानी की बात यह है कि सड़क टूटनी भी शुरू हो गई है। तीन दिन पहले आई बारिश ने निर्माण में प्रयोग हुई सामग्री की पोल खोल दी है।
ब्रेक लगाते ही उखड़ जाती हैं रोड़ियां
ग्रामीण राजबीर, सुरेंद्र, कमला, प्रदीप और बंटू ने कहा कि सड़क के निर्माण में लगाई गई सामग्री की गुणवत्ता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि वाहन के ब्रेक लगाते ही रोड़ियां उखड़ जाती हैं। दोनों गांवों के बीच चार से पांच जगह सड़क क्षतिग्रस्त हो चुकी है।
नहीं झेल पा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली का वजन
सड़क अनाज या अन्य सामान से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली का वजन भी नहीं झेल पा रही है। अगर लोडिड ट्रॉली को कुछ देर तक सड़क पर खड़ा कर दिया जाए तो वहां पर सड़क बैठनी शुरू हो जाती है।
वर्जन::
कल ही मौके पर जाकर सड़क का निरीक्षण करेंगे। अगर घटिया निर्माण सामग्री प्रयोग की गई है तो ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। जरूरत पड़ती है तो ठेकेदार से सड़क का निर्माण दोबारा करवा लिया जाएगा।
- मंगतराम, एसडीओ, नेशनल हाईवे, भिवानी।
वर्जन::
मिट्टी गीली होने के कारण सड़क किसी जगह से धंस गई होगी। बारिश का मौसम होने के कारण दिक्कत आ रही है। सड़क की मरम्मत करा दी जाएगी।
- जयकिशन, ठेकेदार