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तीन कृषि कानून लागू होने के बाद गरीबों की रोटी पर हो जाएगा पूंजीपतियों का कब्जा : टिकैत

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गांव मुंढाल में किसानों के धरने पर पहुंचें राकेश टिकैत। विज्ञप्ति - फोटो : Bhiwani
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भिवानी। संयुक्त किसान मोर्चा के नेता राकेश टिकैत ने कहा कि तीन कृषि कानूनों के लागू होने के बाद गरीबों की रोटी पर भी पूंजीपतियों का कब्जा हो जाएगा। देश में महंगाई इतनी बढ़ जाएगी कि गरीब व्यक्ति अपने बच्चों के लिए अच्छी शिक्षा व चिकित्सा का प्रबंध तक नहीं कर पाएगा। इसीलिए देश भर का अन्नदाता लगभग एक वर्ष से धरने पर बैठकर देश के प्रत्येक व्यक्ति की लड़ाई लड़ रहा है।
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राकेश टिकैत वीरवार को गांव मुुंढाल में किसान धरने को संबोधित करने पहुंचे थे। गांव मुुंढ़ाल में जारी धरना वीरवार को आठवें दिन भी जारी रहा। इस दौरान धरने की अध्यक्षता जाटुखाप-84 के प्रधान राजमल सूबेदार ने की। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेता राकेश टिकैत ने आरोप लगाया कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने भड़काऊ बयान देकर अपने बेटे आशीष मिश्रा से किसानों को गाड़ी से कुचलवाया और अब इस मामले की निष्पक्ष जांच नहीं होने दे रहे। उन्होंने कहा कि लखीमपुर खीरी में हुए किसान हत्याकांड मामले में सभी दोषियों को गिरफ्तार कर सख्त सजा दी जाए। टिकैत ने कहा कि सरकार किसानों की आय दोगुनी करने की बात करती है, लेकिन आज हालत यह है कि डीएपी खाद तक पुलिस थानों में मिलती है। उन्होंने कहा कि देश का अन्नदाता लगभग एक वर्ष से लगातार सड़कों पर बैठकर अपने हक मांग रहा है, लेकिन केंद्र सरकार हठधर्मिता अपनाते हुए तानाशाही कर रही है। देश के अन्नदाताओं पर जुल्म पर जुल्म कर रही है। किसान नेता जोगेंद्र तालु ने कहा कि कृषि कानूनों के विरोध में लगभग एक वर्ष से धरने पर बैठे किसान लगातार तीन कृषि कानूनों को खत्म किए जाने की मांग कर रहे हैं, जब तक तीन कृषि कानून रद्द नहीं हो जाते, किसानों का संघर्ष और भाजपा-जजपा नेताओं का बहिष्कार भी जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि बेमौसम बारिश से उनके खेतों में जमा पानी से कपास व धान की फसल खराब हो गई, जिसकी गिरदावरी करवाकर किसानों को मुआवजा दिया जाना चाहिए। इस अवसर पर स्वामी सदानंद सरस्वती, राजसिंह जताई, राजसिंह धनाना, बाबा छोटूनाथ तालु, सत्यवान धनाना, संदीप मिताथल, जगबीर सरपंच मुंढाल, दीपक ढुल मुंढाल, दीना देवी मुंढाल, ममता धनाना, राजबाला धनाना, बलबीर बजाड़, होशियार सिंह जताई, कृष्ण तालु, विकास सीसर, मनोज राठी सहित अनेक किसान मौजूद रहे।
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